नई दिल्ली : विजय हजारे ट्रॉफी के छठे राउंड में मंगलवार (6 जनवरी) को बंगाल के खिलाफ तिलक वर्मा की कप्तानी वाली हैदराबाद टीम के ओपनर बल्लेबाज अमन राव ने शानदार दोहरा शतक जड़ा। राजकोट के निरंजन शाह स्टेडियम में खेली गई इस पारी के दौरान उन्होंने भारत के दिग्गज गेंदबाज मोहम्मद शमी, आकाशदीप और मुकेश कुमार का डटकर सामना किया। अमन राव ने इन तीनों गेंदबाजों के खिलाफ मिलाकर आठ छक्के लगाए और कुल 120 रन बटोरे, जिससे यह पारी और भी खास बन गई। अमन ने हैदराबाद पारी की आखिरी गेंद पर छक्का लगाकर अपना 200 रन पूरा किया। उन्होंने 154 गेंद पर 12 चौके और 13 छक्के लगाए और नाबाद पवेलियन लौटे। 21 साल के अमन का यह स्कोर लिस्ट ए क्रिकेट में हैदराबाद के किसी बल्लेबाज का सबसे बड़ा स्कोर है और विजय हजारे ट्रॉफी में यह नौवां दोहरा शतक भी है।
राजस्थान रॉयल्स ने खरीदा यह उभरता सितारा
अमन की शानदार पारी की बदौलत हैदराबाद ने बंगाल के खिलाफ पहले बल्लेबाजी करते हुए 352/5 का स्कोर बनाया। यह अमन का सीनियर क्रिकेट में पहला शतक था। उन्हें आईपीएल 2026 के ऑक्शन में राजस्थान रॉयल्स ने 30 लाख रुपये में खरीदा था।
शमी, आकाशदीप और मुकेश कुमार के खिलाफ अमन राव का तूफान, छुड़ाए छक्के
अमन ने मोहम्मद शमी के खिलाफ 21 गेंद पर 33 रन बनाए। इसमें 3 चौके और 2 छक्के जड़े। उन्होंने आकाशदीप के खिलाफ 28 गेंद पर 44 रन बनाए। 3 चौके और 3 छक्के जड़े। अमन ने मुकेश कुमार के खिलाफ 21 गेंद पर 38 रन बनाए। उन्हें2 चौके और 3 छक्के जड़े।
आखिरी गेंद पर आकाशदीप को छक्का जड़कर अमन राव ने पूरे किए 200 रन
अमन राव ने 108 गेंदों में अपना पहला लिस्ट ए शतक पूरा किया। एक समय ऐसा लग रहा था कि आकाशदीप के आखिरी ओवर में वह इस उपलब्धि से चूक जाएंगे, लेकिन युवा बल्लेबाज ने 194* रन पर संयम बनाए रखा। इसके बाद उन्होंने ब्लॉकहोल में डाली गई आखिरी गेंद को लॉन्ग-ऑन के ऊपर से छक्के के लिए भेजते हुए 154 गेंदों में ठीक 200 रन पूरे किए और अपनी पारी का शानदार अंत किया।
विजय हजारे ट्रॉफी के मौजूदा सीजन में अमन राव का दूसरा शतक
अमन राव लिस्ट ए क्रिकेट में दोहरा शतक लगाने वाले केवल 15वें भारतीय पुरुष खिलाड़ी बन गए हैं। यह मौजूदा विजय हजारे ट्रॉफी में दूसरा सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर भी है। इससे पहले इस सीजन में ओडिशा के ओपनर स्वस्तिक सामल ने 212 रन की पारी खेली थी। खास बात यह रही कि सामल ने भी लिस्ट ए फॉर्मेट में अपने पहले पचास से ज्यादा के स्कोर को ही डबल सेंचुरी में तब्दील किया था।

