नई दिल्ली : मोहसिन नकवी के नेतृत्व में पाकिस्तान क्रिकेट का बेड़ागर्क हो चुका है इसमें कोई दो राय नहीं है, लेकिन उनकी नजरें अपने देश के क्रिकेट बोर्ड से ज्यादा भारत की जीत के बाद ट्रॉफी देने की उत्सुकता पर रहती है। एशिया कप 2025 में भारतीय पुरुष टीम से बेइज्जती झेलने के बावजूद एक साल बाद महिला एशिया कप के फाइनल में भी नकवी ट्रॉफी देने पहुंच गए और फिर से वही बवाल खड़ा हो गया। अब सवाल है कि क्या बतौर एशियन क्रिकेट काउंसिल (ACC) अध्यक्ष वह एशियन गेम्स में भी अड़ंगा बन सकते हैं?
सबसे पहले इसे विस्तार से जानने के लिए आपको बता दें कि क्रिकेट एशिया कप का पूरा नेतृत्व एसीसी पर होता है। जबकि एशियाई खेलों में क्रिकेट प्रतियोगिता में क्या हो रहा है और क्या होगा, इसकी देखरेख ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया करेगी। वहीं प्रेजेंटेशन सेरेमनी में भी मेडल देने के लिए कौन अतिथि होगा या कौन नहीं, इस पर भी फैसला ओलंपिक काउंसिल का ही होगा। यानी कोई ऐसा नियम नहीं है कि नकवी ही मेडल देने आएंगे।
अब इसका दूसरा पहलू अगर देखें तो एशियन क्रिकेट काउंसिल के अध्यक्ष के तौर पर ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया भी नकवी को बतौर अतिथि मेडल देने के लिए आमंत्रित कर सकती है। अगर ऐसा हुआ तो बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया पहले ही रुख साफ कर चुके हैं कि भारतीय टीम मोहसिन नकवी से मौजूदा तनाव के चलते ट्रॉफी नहीं लेगी। अब इस विवाद को एशियन गेम्स से दूर रखने के लिए किया यह जा सकता है कि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया के सामने पहले से ही अपना रुख साफ कर दे।


