नई दिल्ली : दिल्ली में क्रिकेट का ठिकाना बदलने की तैयारी शुरू हो गई है। फिलहाल अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट और इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के मुकाबले दिल्ली गेट स्थित अरुण जेटली स्टेडियम में खेले जाते हैं, लेकिन अब राजधानी में एक नया अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम बनाया जा सकता है। दिल्ली एवं डिस्ट्रिक्ट क्रिकेट संघ (DDCA) ने इसके लिए तैयारी शुरू कर दी है। डीडीसीए के अध्यक्ष रोहन जेटली ने गुरुवार (12 फरवरी) को टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारत-नामीबिया मैच के दौरान दिए इंटरव्यू में इस योजना की जानकारी साझा की।
रोहन जेटली ने बताया कि फिलहाल नया स्टेडियम बनाने की योजना शुरुआती चरण में है, लेकिन जल्द ही जमीन चिह्नित कर निर्माण की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी। उन्होंने कहा कि यह स्टेडियम सिर्फ मौजूदा जरूरतों को ध्यान में रखकर नहीं, बल्कि अगले 20 वर्षों की आवश्यकताओं को देखते हुए तैयार किया जाएगा। जेटली ने यह भी स्पष्ट किया कि स्टेडियम ऐसी जगह बनाया जाएगा, जहां मेट्रो के जरिए आसानी से पहुंचा जा सके, ताकि दर्शकों को बेहतर कनेक्टिविटी मिल सके।
अगले 20 साल को ध्यान में रखकर बनेगा स्टेडियम
रोहन जेटली ने दिल्ली में नया स्टेडियम बनाने के पीछे का कारण बताते हुए कहा, “विचार यह है कि जैसे-जैसे खेल का विकास हो रहा है और दर्शकों की संख्या बढ़ रही है, वैसे-वैसे बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने की आवश्यकता है। हम चाहते हैं कि दर्शकों की क्षमता और उनके अनुभव को बेहतर बनाने के लिए मजबूत तंत्र विकसित किया जाए। हमारा लक्ष्य ऐसा स्टेडियम तैयार करना है जो आज की जरूरतों को पूरा करे और अगले 20 वर्षों तक उपयोगी बना रहे।”
कई राज्यों में एक से ज्यादा अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम मौजूद
रोहन जेटली ने कहा, ‘कोटला में ज्यादा मैच हो रहे हैं। नया स्टेडियम बनने का यह मतलब नहीं है कि सबकुछ वहीं स्थानांतरित हो जाएगा। दोनों मैदानों को प्रबंधित किया जाएगा। काफी ऐसे राज्य हैं जहां कई अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम हैं। दिल्ली में भी ऐसा ही होगा।’
कबतक बन जाएगा स्टेडियम
रोहन जेटली ने नए स्टेडियम की समयसीमा को लेकर कहा, “देखिए, प्रक्रिया अभी चल रही है। इसे आगे बढ़ाने, समझने और पूरा करने में समय लगेगा। फिलहाल हम बहुत शुरुआती चरण में हैं। अगर हम इस प्रक्रिया को इसी साल पूरा कर एक स्पष्ट दिशा में आगे बढ़ सकें तो यह बहुत अच्छी बात होगी।”
कहां बनेगा स्टेडियम
स्टेडियम कहां बनेगा? इस सवाल का जवाब देते हुए रोहन जेटली ने कहा,’अभी जगह चिह्नित करने की प्रक्रिया चल रही है। अलग-अलग विभाग, अलग-अलग तंत्र दिल्ली सरकार, केंद्र सरकार, डीडीए के बीच बहुत सारी चर्चाएं चल रही हैं। अभी एक जगह खोजने की प्रक्रिया चल रही है। जैसे ही उस दिशा में कुछ आगे होगा हम आपको जानकारी देंगे।’
दिल्ली मेट्रो कनेक्टिविटी को ध्यान में रखकर बनेगा नया स्टेडियम
रोहन जेटली ने स्पष्ट किया कि नए स्टेडियम का निर्माण यातायात व्यवस्था, खासकर मेट्रो कनेक्टिविटी को ध्यान में रखकर किया जाएगा। उन्होंने कहा, “स्टेडियम की लोकेशन तय करते समय सबसे अहम चीज उसकी पहुंच है—मेट्रो, संचार, सड़क परिवहन और बुनियादी ढांचे की उपलब्धता। अगर आप जमीन ले लें और वहां तक पहुंचने के लिए सड़क ही न हो, तो उसका क्या फायदा? दर्शकों के सुगम आवागमन के लिए कई मार्गों की जरूरत होती है। साथ ही, किसी आपात स्थिति जैसे आग लगने पर लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने की सुविधा भी जरूरी है। जगह से ज्यादा महत्वपूर्ण वहां तक पहुंच है। भारत और विदेशों में भी कई स्टेडियम शहर के बाहर बने हैं, लेकिन वहां पहुंचना आसान होता है—यही सबसे जरूरी बात है।”

