मुंबई: फिडे शतरंज विश्व कप का आयोजन इस बार भारत में होने जा रहा है। यह प्रतिष्ठित टूर्नामेंट 30 अक्तूबर से 27 नवंबर तक गोवा में खेला जाएगा। प्रतियोगिता में अगले साल होने वाले कैंडिडेट्स टूर्नामेंट के लिए तीन स्थान दांव पर होंगे, साथ ही खिलाड़ियों के बीच कुल 20 लाख डॉलर की इनामी राशि दांव पर लगी होगी। भारत के लिए यह खास मौका है क्योंकि 23 साल बाद देश इस प्रतिष्ठित आयोजन की मेजबानी कर रहा है। इससे पहले 2002 में हैदराबाद में इसका आयोजन हुआ था, जहां महान शतरंज खिलाड़ी विश्वनाथन आनंद ने खिताब अपने नाम किया था।
फिडे विश्व कप में उतरेंगे दिग्गज खिलाड़ी
पिछले कुछ वर्षों में भारत ने शतरंज में उल्लेखनीय तरक्की की है और अब फिडे विश्व कप इसका बड़ा प्रमाण बनने जा रहा है। यह प्रतिष्ठित टूर्नामेंट आठ दौर में खेले जाने वाले दो बाजियों के नॉकआउट प्रारूप पर आधारित होगा। हर दौर में खिलाड़ी दो क्लासिकल बाजियां खेलेंगे और बराबरी की स्थिति में परिणाम का फैसला रैपिड और ब्लिट्ज प्लेऑफ से होगा। शीर्ष 50 वरीय खिलाड़ी सीधे दूसरे दौर से प्रतियोगिता में उतरेंगे क्योंकि उन्हें पहले दौर में बाई मिलेगी। इस टूर्नामेंट में मौजूदा विश्व चैंपियन डी गुकेश, पूर्व विश्व चैंपियन मैग्नस कार्लसन, अमेरिका के फाबियानो करुआना और भारत के युवा ग्रैंडमास्टर आर प्रज्ञानंद सहित कुल 206 खिलाड़ी हिस्सा लेंगे। हालांकि मौजूदा विश्व चैंपियन गुकेश कैंडिडेट्स क्वालीफिकेशन का हिस्सा नहीं होंगे और ऐसे में देखना दिलचस्प होगा कि वह इस प्रतियोगिता में पुरस्कार राशि और रेटिंग अंकों के लिए किस तरह का प्रदर्शन करते हैं।
फिडे विश्व कप की प्रवेश सूची में शामिल हुए आनंद
मेजबान भारत के कुल 21 खिलाड़ियों को इस बार फिडे विश्व कप की प्रवेश सूची में जगह मिली है, जिनमें पांच बार के विश्व चैंपियन विश्वनाथन आनंद भी शामिल हैं। आनंद ने अपनी जगह जून 2025 की फिडे रेटिंग सूची के आधार पर बनाई है। हालांकि उन्होंने हाल के समय में क्लासिकल शतरंज नहीं खेला है, जिससे उनकी भागीदारी को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। इस मौके पर फिडे अध्यक्ष आर्केडी ड्वोर्कोविच ने कहा कि भारत उत्कृष्ट खिलाड़ियों और उत्साही प्रशंसकों के साथ अब शतरंज खेलने वाले दुनिया के सबसे मजबूत देशों में से एक बन चुका है। उन्होंने कहा कि इस साल की शुरुआत में जॉर्जिया में आयोजित फिडे महिला विश्व कप की सफलता के बाद हमें गर्व है कि अब फिडे विश्व कप को गोवा में लाया जा रहा है। यह टूर्नामेंट वास्तव में एक शतरंज उत्सव होगा और खिलाड़ियों व दर्शकों के लिए अनूठा अनुभव प्रदान करेगा। इस प्रतियोगिता में 90 से अधिक देशों के प्रतिनिधियों के भाग लेने की उम्मीद है और इसे शतरंज के इतिहास की सबसे अधिक देखी जाने वाली प्रतियोगिताओं में गिना जाएगा।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार एआईसीएफ के अध्यक्ष नितिन नारंग ने कहा कि फिडे विश्व कप का भारत में आयोजन देश के लिए एक ऐतिहासिक अवसर है। उनके अनुसार यह टूर्नामेंट ना केवल देशभर के लाखों लोगों को प्रेरित करेगा, बल्कि भारत के बढ़ते कद को एक वैश्विक शतरंज केंद्र के रूप में भी स्थापित करेगा। उन्होंने विश्वास जताया कि यह आयोजन आने वाली पीढ़ियों को शतरंज की ओर आकर्षित करेगा और भारतीय खिलाड़ियों के लिए अंतरराष्ट्रीय मंच पर खुद को साबित करने का बड़ा मौका बनेगा।

