नई दिल्ली: टोक्यो ओलंपिक की रजत पदक विजेता और चीनी ताइपे की मशहूर बैडमिंटन खिलाड़ी ताई जु यिंग ने खेल को अलविदा कह दिया है। उनके संन्यास के साथ एक शानदार करियर का समापन हो गया, जिसमें उन्होंने 17 बीडब्ल्यूएफ विश्व टूर खिताब अपने नाम किए और 12 टूर्नामेंट में उपविजेता रहीं। ताई जु यिंग अपने बेहतरीन कौशल और लगातार प्रदर्शन के लिए जानी जाती रही हैं, जिन्होंने बैडमिंटन जगत में अपनी अलग पहचान बनाई।
अपनी कलात्मकता और कलाई के जादू के लिए मशहूर 31 वर्षीय शटलर ने कहा कि लगातार चोटिल होने के कारण उन्हें संन्यास का फैसला करना पड़ा। उन्होंने अपना आखिरी बीडब्ल्यूएफ खिताब 2024 में इंडिया ओपन में जीता था। ताई जु ने शुक्रवार को अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर लिखा, ‘एक खूबसूरत अध्याय समाप्त हो गया है। बैडमिंटन, आपने मुझे जो कुछ भी दिया है, उसके लिए आभार। आखिरकार मेरी चोटों ने मुझे कोर्ट छोड़ने पर मजबूर कर दिया। मैं अपने करियर का अंत उस तरह नहीं कर पाई जैसा मैंने सोचा था और मुझे यह बात स्वीकार करने में थोड़ा समय लगा।’
दक्षिणी ताइवान के काऊशुंग शहर में जन्मी ताई जु यिंग पिछले साल से चोटों के कारण संघर्ष कर रही थीं और इस वजह से अंतरराष्ट्रीय सर्किट पर वापसी नहीं कर पाईं। दो बार की विश्व चैंपियनशिप पदक विजेता ताई जु ने बताया कि फिलहाल उनका ध्यान कुछ समय शांति और आराम के साथ बिताने पर है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने लिखा, ‘मैंने अभी तक यह तय नहीं किया है कि मैं आगे क्या करूंगी, लेकिन फिलहाल मैं अलार्म घड़ियों के बिना जीवन का आनंद लेने जा रही हूं।’ भारत की दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधू ने ताई जु को भविष्य के लिए शुभकामनाएं देते हुए एक्स पर एक मार्मिक संदेश लिखा।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार सिंधू ने कहा, ‘पंद्रह वर्षों से अधिक समय तक आप मेरी ऐसी प्रतिद्वंद्वी रही जिन्होंने मुझे हर बार मेरी सीमा तक धकेला। मेरे जीवन के दो सबसे महत्वपूर्ण पदक रियो 2016 ओलंपिक में रजत और 2019 विश्व चैम्पियनशिप में स्वर्ण मैंने आपके साथ उन मैराथन और सांस थाम देने वाले मुकाबलों के बाद हासिल किए।’ मीडिया रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने कहा, ‘रियो में हमारे बीच प्री-क्वार्टर फाइनल में मुकाबला हुआ था और बासेल में क्वार्टर फाइनल में। इन दोनों अवसरों पर मुझे हमेशा की तरह कड़ी मेहनत करनी पड़ी। और हां, आपने 2021 में मुझे सेमीफाइनल में हरा दिया था और यही नहीं मुझे एशियाई खेलों में मुझे स्वर्ण पदक जीतने से रोक दिया था। इन पलों को याद करके मैं आज भी मुस्कुरा जाती हूं।’
पीवी सिंधू ने ताई जु यिंग के संन्यास पर भावुक संदेश साझा किया और लिखा, “मैं यह नहीं छुपाऊंगी कि आपके साथ खेलना हमेशा चुनौतीपूर्ण रहा। आपकी कलाई की महारत, चतुर खेल रणनीति और शांत प्रतिभा ने मुझे अपनी सीमाओं से भी आगे जाने के लिए प्रेरित किया। आपके सामने खेलकर मैं एक खिलाड़ी के रूप में बदल गई और काफी कुछ सीखा।”
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार भारतीय खिलाड़ी ने आगे कहा, “प्रतिद्वंद्विता के बावजूद हमारे बीच हमेशा गहरी दोस्ती और आपसी सम्मान रहा। आपका संन्यास लेना ऐसा महसूस करवा रहा है जैसे मैंने अपने सफर का एक महत्वपूर्ण हिस्सा खो दिया हो। खेल और आपकी अद्भुत प्रतिभा दोनों की कमी खलेगी। अब मुझे एहसास हो रहा है कि मेरी पीढ़ी के खिलाड़ी धीरे-धीरे खेल से विदा ले रहे हैं, और इसके लिए कोई भी तैयारी पूरी तरह से पर्याप्त नहीं होती।”


