नई दिल्ली : मास्टर ब्लास्टर Sachin Tendulkar ने साल 2013 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कहा, तब भारतीय टीम एक नए दौर में प्रवेश कर रही थी। उस समय सबसे बड़ा सवाल यह था कि सचिन के बाद टीम इंडिया की बैटिंग की अगुवाई कौन करेगा। भारतीय फैन्स को उम्मीद थी कि Virat Kohli यह जिम्मेदारी संभालेंगे। कोहली ने कतई निराश नहीं किया और भारतीय टीम के लिए जमकर रन बनाए। उनमें वह आक्रामकता, निरंतरता और जीत की भूख नजर आई, जो किसी शीर्ष क्रिकेटर में होनी चाहिए।
2016 से 2019 के दौरान विराट कोहली ने जिस तरह का प्रदर्शन किया, उसने किंग कोहली को विश्व क्रिकेट के शीर्ष पर पहुंचा दिया. टेस्ट, वनडे और टी20 तीनों फॉर्मेट में उन्होंने शतकों और रनों का अंबार लगाय. कोहली अपने आइडल सचिन तेंदुलकर के कई रिकॉर्ड्स को तोड़ चुके हैं. लेकिन दिलचस्प बात यह रही कि जब भी उनकी सचिन से तुलना की गई, उन्होंने हमेशा विनम्रता दिखाई. विराट कोहली ने साफ कहा कि वह खुद को अपने आइडल से बड़ा खिलाड़ी नहीं मानते. हाल ही में आईपीएल फ्रेंचाइजी रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने एक वीडियो जारी किया, जिसमें कोहली रैपिड फायर राउंड खेलते नजर आए. उनसे पूछा गया कि वह सचिन तेंदुलकर से कौन-सी एक चीज अपने खेल में शामिल करना चाहेंगे. कोहली का जवाब बेहद दिलचस्प था.
Virat Kohli ने कहा, “सब कुछ पसंद है… लेकिन अगर एक चीज चुननी हो तो उनका लैप शॉट। स्पिनरों के खिलाफ इतने सटीक तरीके से लैप शॉट खेलने की शुरुआत उन्होंने ही की थी। यह शॉट इतना स्मूथ होता था कि कभी जल्दबाजी नहीं लगती थी। मैं जब भी यह शॉट खेलने की कोशिश करता हूं तो थोड़ा उलझ जाता हूं। इसलिए मैं उनका स्मूथ लैप शॉट लेना पसंद करूंगा।”
Sachin Tendulkar ने अपने 24 साल लंबे अंतरराष्ट्रीय करियर में कई अनोखे शॉट खेले, लेकिन उनका लैप शॉट विशेष पहचान बना। वह न केवल स्पिनरों बल्कि मीडियम पेस गेंदबाजों के खिलाफ भी इसे बेहतरीन तरीके से खेलते थे। फाइन लेग पर जब फील्डर घेरे के अंदर होता था, तब सचिन इस शॉट से आसानी से रन चुरा लेते थे। यह शॉट जोखिम भरा जरूर था, लेकिन उनकी टाइमिंग और बैलेंस इतना सटीक होता था कि यह लगभग सुरक्षित स्कोरिंग विकल्प बन जाता था।
वीडियो में विराट कोहली से अन्य खिलाड़ियों और सेलिब्रिटीज के बारे में भी पूछा गया. इस पर उन्होंने कहा कि वो महेंद्र सिंह धोनी का शांत स्वभाव, शाहरुख खान की विनम्रता और क्रिस्टियानो रोनाल्डो का अनुशासन अपने अंदर शामिल करना चाहेंगे. यह जवाब कोहली की बेहतरीन सोच और मानसिकता को दर्शाता है. वह सिर्फ महान खिलाड़ी नहीं है, बल्कि महानता के अलग-अलग गुणों को भी अपनाना चाहते हैं.
अब विराट कोहली इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 में खेलते नजर आएंगे. वह आरसीबी के लिए डिफेंडिंग चैम्पियन के रूप में उतरेंगे. 2025 सीजन में उन्होंने फिल साल्ट के साथ शानदार ओपनिंग साझेदारियां की थीं. दोनों ने कई मैचों में टीम को तेज और मजबूत शुरुआत दिलाई, जिससे मिडिल ऑर्डर को खुलकर खेलने का मौका मिला. विराट कोहली के इस बयान से साफ है कि इतने सालों बाद भी वह सीखने और खुद को बेहतर बनाने की भूख रखते हैं, यही गुण उन्हें बाकी खिलाड़ियों से अलग बनाता है. वह रिकॉर्ड्स से ज्यादा अपने खेल की खूबसूरती और पूर्णता पर ध्यान देते हैं…

