वर्ल्ड नंबर-2 वांग झी को हराया, मिक्स्ड डबल्स में ध्रुव-तनिषा की जोड़ी ने भी क्वार्टर फाइनल में बनाई जगह
नई दिल्ली। डबल ओलंपिक मेडलिस्ट पीवी सिंधु ने एक बार फिर अपने शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए बैडमिंटन वर्ल्ड चैंपियनशिप के क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली है। गुरुवार को खेले गए विमेंस सिंगल्स के प्री-क्वार्टर फाइनल में सिंधु ने चीन की वर्ल्ड नंबर-2 खिलाड़ी वांग झी को सीधे गेम में हरा दिया। यह जीत इसलिए भी खास रही क्योंकि सिंधु ने अपने से रैंकिंग में कहीं आगे खड़ी खिलाड़ी को हराया। सिंधु ने पहला गेम रोमांचक अंदाज में 21-19 से अपने नाम किया और फिर दूसरे गेम में लगातार बढ़त बनाए रखते हुए 21-15 से जीत दर्ज की। इस तरह उन्होंने 2-0 से मुकाबला जीतकर अंतिम-8 में प्रवेश किया।
वर्ल्ड नंबर-15 सिंधु का वांग झी के खिलाफ यह पांचवां मुकाबला था और इसमें उन्होंने तीसरी बार जीत हासिल की। यह जीत दिखाती है कि सिंधु बड़े मौकों पर कितनी धैर्य और ताकत के साथ खेलती हैं। सिंधु ने शुरुआती अंक गंवाने के बाद आक्रामक अंदाज अपनाया और कोर्ट पर अपनी तेजी और नेट शॉट्स से दबदबा बनाया। पहले गेम में कड़ी टक्कर के बाद जीत ने उनका आत्मविश्वास और बढ़ा दिया, जिसका असर दूसरे गेम में साफ दिखाई दिया। अब क्वार्टर फाइनल में सिंधु का सामना वर्ल्ड नंबर-1 साउथ कोरिया की आन से यंग से हो सकता है, जो मौजूदा समय की सबसे मजबूत खिलाड़ियों में से एक मानी जाती हैं। यह मुकाबला भारतीय प्रशंसकों के लिए बेहद रोमांचक होने वाला है।
सिर्फ विमेंस सिंगल्स ही नहीं, बल्कि मिक्स्ड डबल्स में भी भारत के लिए अच्छी खबर आई। ध्रुव कपिला और तनिषा कृष्टो की जोड़ी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली। हालांकि, यह जीत उन्हें आसानी से नहीं मिली। वर्ल्ड नंबर-16 भारतीय जोड़ी को हॉन्ग कॉन्ग की वर्ल्ड नंबर-5 जोड़ी तांग चुन मिन और से यिंग सुट के खिलाफ तीन गेम तक संघर्ष करना पड़ा। पहला गेम भारतीय जोड़ी ने 19-21 से गंवा दिया, लेकिन इसके बाद उन्होंने वापसी करते हुए दूसरा गेम 21-12 से जीता। निर्णायक तीसरे गेम में ध्रुव-तनिषा ने शानदार तालमेल दिखाया और 21-15 से जीत दर्ज कर अंतिम-8 में जगह बनाई। इस जीत से भारतीय डबल्स बैडमिंटन की उम्मीदें और मजबूत हुई हैं।
हालांकि, पुरुष एकल वर्ग में भारत की चुनौती खत्म हो गई है। एचएस प्रणय को राउंड ऑफ 32 में डेनमार्क के वर्ल्ड नंबर-2 आंद्रेस एंटोनसेन ने हराया। तीन गेम तक चले इस रोमांचक मुकाबले में प्रणय ने अच्छा संघर्ष किया। पहला गेम वे 7-21 से हार गए, लेकिन दूसरे गेम में उन्होंने शानदार वापसी करते हुए 21-17 से जीत दर्ज की। तीसरा गेम बेहद कड़ा रहा और स्कोर एक समय 21-21 पर बराबर था। यहां से एंटोनसेन ने आक्रामक खेल दिखाया और 23-21 से गेम और मैच दोनों जीत लिए। इससे पहले लक्ष्य सेन भी राउंड ऑफ 64 में वर्ल्ड नंबर-1 खिलाड़ी से हारकर बाहर हो चुके थे। यानी अब भारतीय पुरुष एकल में कोई खिलाड़ी आगे नहीं है, लेकिन सिंधु और मिक्स्ड डबल्स जोड़ी ने उम्मीदों को जिंदा रखा है।

