नई दिल्ली : भारत की विश्व विजेता महिला क्रिकेट टीम ने गुरुवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से भेंट की। इससे पहले, बुधवार को टीम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी मिली थी, जहां उन्होंने खिलाड़ियों के साथ बातचीत के कई रोचक पल बिताए थे। अब टीम राष्ट्रपति भवन पहुंची, जहां पूरा सपोर्ट स्टाफ और खिलाड़ी फोटोशूट का हिस्सा बने। इसके अलावा, टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर ने राष्ट्रपति को टीम की साइन की हुई जर्सी भेंट की, जो इस ऐतिहासिक मुलाकात को और भी खास बना दिया।
राष्ट्रपति के आधिकारिक एक्स (X) हैंडल पर इस मुलाकात की कई तस्वीरें साझा की गई हैं। इन तस्वीरों में टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर ने द्रौपदी मुर्मू के साथ ट्रॉफी शेयर करते हुए दिखाई दीं। इसके बाद टीम ने अपनी साइन की हुई जर्सी राष्ट्रपति को भेंट की। फोटोशूट में सिर्फ खिलाड़ी और कोच ही नहीं, बल्कि भारतीय महिला क्रिकेट टीम का पूरा सपोर्ट स्टाफ भी नजर आया, जिससे यह मुलाकात और भी यादगार बन गई।
टीम इंडिया और पीएम मोदी के बीच हंसी-खुशी भरी मुलाकात
भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी मुलाकात की थी। इस मुलाकात का वीडियो सामने आया था, जिसमें पीएम मोदी ने टीम की हर खिलाड़ी से बातचीत की। इसी दौरान दीप्ति शर्मा के हनुमान जी के टैटू पर भी पीएम ने सवाल किया और टीम की सबसे मजेदार खिलाड़ी का नाम भी पूछा। वहीं, इस मौके पर हरलीन देओल ने पीएम मोदी से उनके स्किन केयर रूटीन और चेहरे की चमक का रहस्य जानने की भी हिम्मत जुटाई।
अमनजोत और प्रतिका के मेडल का कन्फ्यूजन समाधान
पीएम मोदी के साथ हुई मुलाकात में यह भी स्पष्ट हो गया कि प्रतिका रावल को भी मेडल मिला है। इससे पहले पीएम आवास में फोटोशूट के दौरान यह अफवाह फैल गई थी कि अमनजोत कौर ने अपना मेडल प्रतिका रावल को दे दिया है, क्योंकि उस फोटो में अमनजोत बिना मेडल के दिखाई दी थीं। इस मुलाकात ने इस भ्रम को पूरी तरह दूर कर दिया।
हालांकि राष्ट्रपति के साथ फोटोशूट में अमनजोत और प्रतिका दोनों मेडल पहने नजर आईं। ध्यान देने वाली बात यह है कि चोटिल होने के कारण प्रतिका रावल टूर्नामेंट के दौरान स्क्वाड से बाहर हो गई थीं, इसलिए प्रेजेंटेशन सेरेमनी में उन्हें उस समय मेडल नहीं दिया गया था। अभी यह स्पष्ट नहीं हुआ है कि प्रतिका को यह मेडल कब सौंपा गया। तकनीकी रूप से, बाहर रहने के कारण प्रतिका वर्ल्ड कप विजेता स्क्वाड का सक्रिय हिस्सा नहीं थीं।

