नई दिल्ली : इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (आईसीसी) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी संजोग गुप्ता ने ओलंपिक खेलों को लेकर बड़ी जानकारी साझा की है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने बताया कि 2028 में होने वाले ओलंपिक में क्रिकेट प्रतियोगिता का आयोजन लॉस एंजिलिस नाइट राइडर्स (आईपीएल फ्रेंचाइजी कोलकाता नाइट राइडर्स की सिस्टर फ्रेंचाइजी) के होम ग्राउंड पर किया जाएगा। इस स्टेडियम का शिलान्यास गुरुवार, 23 अप्रैल को किया गया।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार संजोग गुप्ता ने कहा, “यह इतिहास का एक महत्वपूर्ण क्षण है, क्योंकि आज हम जिस चीज की नींव रख रहे हैं, वह सिर्फ एक क्रिकेट मैदान नहीं है। हम एक वादे की नींव रख रहे हैं। एक ऐसा वादा जिसे पूरा करने में 128 साल लगे।” संजोग गुप्ता लॉस एंजिलिस 2028 ओलंपिक खेलों में क्रिकेट के आयोजन स्थल के शिलान्यास समारोह में बोल रहे थे।
अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (आइओसी) ने क्रिकेट को लॉस एंजिलिस खेलों में शामिल करने की मंजूरी दी है और गुप्ता ने कहा कि इससे इस खेल के बढ़ते प्रभाव का पता चलता है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने कहा, “दुनिया का दूसरा सबसे लोकप्रिय खेल इतने लंबे समय से ओलंपिक मंच से गायब रहा। जब अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति ने लॉस एंजिलिस 2028 खेलों में क्रिकेट को शामिल करने की औपचारिक मंजूरी दी, तो यह केवल घोषणा मात्र नहीं थी। इससे इस बात का पता चलता है कि ओलंपिक में उन खेलों को बढ़ावा दिया जाना चाहिए जिन्हें अरबों लोग पसंद करते हैं।”
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार पोमोना स्थित क्रिकेट स्थल का जिक्र करते हुए गुप्ता ने कहा कि इसकी विरासत इसे क्रिकेट की ओलंपिक में वापसी के लिए एक आदर्श स्थान बनाती है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने कहा, “इस वादे को पूरा करने के लिए पोमोना से बेहतर किसी अन्य जगह के बारे में मैं सोच भी नहीं सकता। खेल जगत में सबसे अच्छी चीजें तब होती हैं जब महत्त्वाकांक्षा और समुदाय का मिलन होता है और पोमोना में ये दोनों ही मौजूद हैं। यह स्थल अब एक ऐसे खेल की मेजबानी करेगा जो अपने मूल में ही समुदाय से जुड़ा हुआ है।”
आईसीसी के सीईओ संजोग गुप्ता ने कहा कि ओलंपिक मंच क्रिकेट को वैश्विक पहचान दिलाने में अहम भूमिका निभाएगा। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने बताया, “जुलाई 2028 में जब ओलंपिक खेल आयोजित होंगे, तब लगभग चार अरब दर्शकों की नजरें लॉस एंजिलिस पर होंगी और उनमें से कई लोग पहली बार क्रिकेट को देखेंगे।” मीडिया रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने यह भी कहा कि इस टूर्नामेंट में सीमित टीमों को ही खेलने का अवसर मिलेगा, जिससे कुछ लोगों को भेदभाव जैसा लग सकता है, क्योंकि अभी तक इस चयन प्रक्रिया को लेकर पूरी स्पष्टता सामने नहीं आई है।


