नई दिल्ली : भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी इन दिनों टीम इंडिया से बाहर हैं, लेकिन वह लगातार सुर्खियों में बने हुए हैं। एक ओर जहां प्रशंसकों का मानना है कि उन्हें जल्द भारतीय टीम में वापसी का मौका मिलना चाहिए, वहीं कुछ क्रिकेट विशेषज्ञ और चयन से जुड़े लोगों का मानना है कि उनका अंतरराष्ट्रीय करियर अब अंतिम दौर में पहुंच चुका है। इसी बीच शमी ने ‘वंदे मातरम्’ को लेकर आपत्ति जताने वालों पर खुलकर अपनी राय रखी। उन्होंने बेबाक अंदाज में कहा कि उनसे इस मुद्दे पर कई बार सवाल पूछे गए हैं, लेकिन उन्हें इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। शमी ने स्पष्ट शब्दों में कहा, “मुझे किसी का डर नहीं है।”
टाइम्स नाऊ नवभारत को दिए एक इंटरव्यू में मोहम्मद शमी ने ‘वंदे मातरम्’ को लेकर चल रही बहस पर खुलकर अपनी राय रखी। भारतीय तेज गेंदबाज ने इस मुद्दे पर विवाद खड़ा करने और इसे कहने या गाने पर आपत्ति जताने वालों को स्पष्ट संदेश दिया। शमी ने कहा कि आखिर इससे किसी को परेशानी क्यों होनी चाहिए। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि देश की सरकार जो भी आदेश या नियम लागू करती है, उसका सम्मान करना और उसका पालन करना हर नागरिक की जिम्मेदारी है।
क्या बोले मोहम्मद शमी? वंदे मातरम् पर खुलकर रखी अपनी बात
दरअसल एंकर ने जब मोहम्मद शमी से पूछा और कहा, वंदे मातरम् का अगर कोई एहतराम नहीं करेगा तो 3 साल की सजा होगी, आपको ऐतराज है क्या वंदे मातरम् कहने से, पढ़ने से गाने से? इस पर जवाब देते हुए शमी ने कहा,”उसमें क्या हो जाना है, मैं तो नहीं बदल जाना। यह तो हमारे दीन और ईमान में भी है। अगर आपकी सरकार किसी नियम को लागू करती है तो आपका हक है उसे मानना। इसमें तो धर्म और जात से कोई फर्क नहीं पड़ता है।”
शमी ने इस पर आगे कहा,”वंदे मातरम् हो या कोई कहता है कि जय हिंद कहने में दिक्कत है, किसको दिक्कत है? मुझे तो नहीं लगता होनी चाहिए। अगर मैं आज भारत माता की जय कहता हूं तो मेरा क्या बिगड़ जाना है। मैं अपनी कंट्री (देश) का नाम ले रहा हूं। मैं तो कहता हूं इन चीजों से क्या फर्क पड़ना है। मेरे सामने कई बार ऐसा आया है, मुझसे लाइव कैमरा में बोला गया है। मुझे किसी का डर नहीं है।”
क्या टीम इंडिया में वापसी का इंतजार खत्म होगा?
मोहम्मद शमी लंबे समय से भारतीय टीम से बाहर चल रहे हैं। पिछले साल चैंपियंस ट्रॉफी के दौरान उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी की थी, लेकिन इसके बाद चोट के कारण फिर टीम से बाहर हो गए। फिलहाल वह भारत की टेस्ट, वनडे और टी20—तीनों टीमों का हिस्सा नहीं हैं। हालांकि, प्रशंसक लगातार उनकी वापसी की मांग कर रहे हैं, लेकिन चयनकर्ताओं का रुख अलग दिखाई दे रहा है। हालिया मीडिया रिपोर्ट्स में यह तक दावा किया गया कि उनका अंतरराष्ट्रीय करियर अब अंतिम दौर में पहुंच सकता है। इसके बावजूद शमी ने हार नहीं मानी है। वह लगातार घरेलू क्रिकेट और आईपीएल में खुद को साबित करने में जुटे हैं। अब वह 23 अगस्त से शुरू होने वाली दलीप ट्रॉफी में ईस्ट जोन की ओर से खेलते हुए अपनी फिटनेस और फॉर्म का दम दिखाने की कोशिश करेंगे।


