नई दिल्ली : भारत और अफगानिस्तान के बीच 3 मैचों की टी20 सीरीज का समापन हो चुका है, जिसमें श्रेयस अय्यर की कप्तानी में भारतीय टीम ने 3-0 से शानदार जीत दर्ज की। इस सीरीज में भारतीय टीम के युवा सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को एक भी मुकाबले में खेलने का मौका नहीं मिला। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार वैभव को प्लेइंग इलेवन में शामिल नहीं किए जाने के फैसले को लेकर क्रिकेट जगत में चर्चा जारी है। इस बीच टीम इंडिया के पूर्व तेज गेंदबाज विवेक राजदान ने जनसत्ता डॉट कॉम से बातचीत में इस मुद्दे पर अपनी राय रखी और बताया कि युवा बल्लेबाज को मौका देने के लिए अभी इंतजार करना क्यों जरूरी हो सकता है।
वैभव सूर्यवंशी ने इंग्लैंड के खिलाफ इसी साल टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में डेब्यू किया था और पहले तीन मैचों में उनका प्रदर्शन कुछ खास नहीं रहा था। इसके बाद जिम्बाब्वे के खिलाफ तीन मैचों की टी20 सीरीज में उन्होंने अच्छी बैटिंग की और प्लेयर ऑफ द सीरीज बने, लेकिन इससे बाद अफगानिस्तान की मेजबानी में खेले गए तीन मैचों की टी20 सीरीज में वो टीम में तो थे, लेकिन उन्हें एक भी मैच खेलने को नहीं मिला। अफगानिस्तान के खिलाफ तीसरे मैच के दौरान दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में विवेक राजदान ने जनसत्ता डॉट कॉम से बात की और वैभव के खेलने पर साथ ही तिलक वर्मा के उप-कप्तान बनाए जाने पर अपनी प्रतिक्रिया दी।
वैभव को तीसरे मैच में भी नहीं मिला मौका, टीम के फैसले पर चर्चा क्यों?
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार इस सवाल का जवाब देते हुए विवेक राजदान ने खुलकर कहा कि टीम मैनेजमेंट का ये फैसला बिल्कुल ही सही है। जब संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा जो कि आपके मुख्य ओपनर हैं और दोनों अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं ऐसे में आप किसी को बिठाकर वैभव को कैसे खिला सकते हैं। अगर इनमें से किसी का प्रदर्शन खराब होता तो एक बार को वैभव को मौका देने पर विचार किया जा सकता था, लेकिन दोनों ने खुद को साबित किया है। वैभव को फिलहाल मौका नहीं देना टीम मैनेजमेंट का बिल्कुल सही फैसला है।
प्लेयर ऑफ द सीरीज के बाद भी टीम से बाहर वैभव, क्या बढ़ेगा इंतजार?
देखिए जब आप भारत के लिए खेलते हैं तो फिर इन सब बातों से ऊपर उठ जाते हैं। खिलाड़ी इस स्तर पर व्यक्तिगत प्रदर्शन से आगे टीम की जीत को रखते हैं। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार अगर वैभव को मौका नहीं मिला है तो उन्हें इसके बारे में पता होगा कि कौन खेलेगा और कौन नहीं। वैभव की उम्र अभी काफी कम है और उनके पास आने वाले समय में मौकों की कमी तो बिल्कुल भी नहीं होगी और टीम मैनेजमेंट से उनकी बात होती होगी तो उनके डिमोटिवेट होने का सवाल ही नहीं उठता। वैसे अभी वैभव को इंतजार करना होगा क्योंकि संजू और अभिषेक दोनों शानदार बैटिंग कर रहे हैं।
तीसरे टी20 में इशान को आराम देकर वैभव को खिलाना संभव था?
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार इशान काफी क्रिकेट खेलकर आए हैं (दलीप ट्रॉफी 2026) और वो अच्छी लय में हैं। तिलक वर्मा को तीसरे मैच में तीसरे नंबर पर इसलिए भेजा गया कि उन्हें एशियन गेम्स 2026 से पहले मैच प्रैक्टिस मिल जाए। भारतीय टीम आगे की तैयारी कर रही है और वो अपनी बल्लेबाजी क्रम में ज्यादा फेर बदल के मूड में दिख नहीं रहे हैं। इशान किशन ऐसे बैटर हैं जिन्हें आप ऊपर या फिर नीचे कहीं भी खिला सकते हैं और वो हर जगह रन बनाने की काबिलियत रखते हैं।
उप-कप्तान तिलक वर्मा पर विवेक राजदान ने रखी अपनी बात
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार यह सही है कि तिलक वर्मा के स्ट्राइक रेट को लेकर टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में समय-समय पर सवाल उठते रहे हैं और वह हमेशा बेहद तेज गति से बल्लेबाजी नहीं कर पाते। हालांकि, मध्यक्रम में वह टीम की जरूरत के मुताबिक अपनी भूमिका निभाने की क्षमता रखते हैं। वहीं, किसी खिलाड़ी को कप्तान या उप-कप्तान बनाने का फैसला चयनकर्ताओं का होता है। भारतीय टी20 टीम में उप-कप्तानी की जिम्मेदारी समय-समय पर बदलती भी रही है और कोई खिलाड़ी कितने समय तक इस पद पर बना रहेगा, इसकी कोई निश्चित अवधि नहीं होती।


