नई दिल्ली : वनडे वर्ल्ड कप का 14वां संस्करण अब एक साल दूर है। साउथ अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया की मेजबानी में होने वाला यह टूर्नामेंट 2003 के संस्करण के 24 साल बाद एक बार फिर अफ्रीकी धरती पर खेला जाएगा। वर्ल्ड कप का आधिकारिक कार्यक्रम 1 अक्टूबर को घोषित किया जाएगा। 14 टीमों वाले इस टूर्नामेंट में 10 टीमें सीधे अपनी जगह पक्की करेंगी, जबकि 4 टीमों को क्वालिफायर मुकाबलों के जरिए मुख्य टूर्नामेंट में प्रवेश हासिल करना होगा। मेजबान होने के कारण साउथ अफ्रीका और जिम्बाब्वे को टूर्नामेंट में सीधे प्रवेश मिल चुका है।
आईसीसी का फुल मेंबर दर्जा नहीं होने के कारण मेजबान नामीबिया को भी मुख्य टूर्नामेंट में जगह बनाने के लिए क्वालिफिकेशन प्रक्रिया से गुजरना होगा। वहीं, बाकी 8 टीमों को 30 सितंबर 2026 तक की वनडे रैंकिंग के आधार पर वर्ल्ड कप में स्थान मिलेगा। मौजूदा समय में भारत रैंकिंग में शीर्ष पर है। 2 बार की चैंपियन वेस्टइंडीज और आयरलैंड के लिए सीधे मुख्य टूर्नामेंट में पहुंचना संभव नहीं होगा। दोनों टीमें 2027 की शुरुआत में होने वाली वर्ल्ड कप क्वालिफिकेशन प्रतियोगिता में 8 अन्य टीमों के साथ हिस्सा लेंगी। इस प्रतियोगिता के बाद कुल 4 टीमों को वर्ल्ड कप के मुख्य दौर में प्रवेश मिलेगा। आइए जानते हैं किन टीमों का मुख्य टूर्नामेंट में स्थान तय होगा और किन टीमों को इसके लिए क्वालिफिकेशन मुकाबलों से गुजरना पड़ेगा।
वनडे वर्ल्ड कप 2027: डायरेक्ट क्वालिफिकेशन
| क्वालिफिकेशन का तरीका | कब हुए क्वालिफाई | क्वालिफाई हो चुकी टीमें |
| मेजबान | 16 नवंबर 2021 | साउथ अफ्रीका |
| जिम्बाब्वे | ||
| वनडे टीम रैकिंग (मेजबान टीमों को छोड़कर) (शीर्ष-8 टीमें) |
30 सितंबर 2026 | अफ़गानिस्तान |
| ऑस्ट्रेलिया | ||
| बांग्लादेश | ||
| इंग्लैंड | ||
| भारत | ||
| न्यूजीलैंड | ||
| पाकिस्तान | ||
| श्रीलंका |
वर्ल्ड कप 2027 का पूरा फॉर्मेट समझिए
जुलाई 2026 में आईसीसी ने पुरुषों के वनडे वर्ल्ड कप में बड़े बदलावों को मंजूरी दी। टूर्नामेंट में अब तीन चरणों वाला नया फॉर्मेट अपनाया जाएगा। इसके तहत टूर्नामेंट की शुरुआत एक नई ‘सुपर सीरीज’ से होगी, जिसमें क्वालिफिकेशन में 12वें, 13वें और 14वें स्थान पर रहने वाली टीमें हिस्सा लेंगी। ये तीनों टीमें राउंड-रॉबिन फॉर्मेट में खेलेंगी और सिर्फ विजेता टीम ही अगले चरण में पहुंचेगी। इसके बाद सफल टीम दूसरे चरण में बाकी 11 क्वालिफाइड देशों के साथ जुड़ेगी, जहां छह-छह टीमों के दो ग्रुप 30 मैच खेलेंगे।
सुपर 7 में हर मुकाबला होगा अहम
हर ग्रुप से शीर्ष 3 टीमों को अगले दौर में जगह मिलेगी। इसके अलावा दोनों ग्रुप में चौथे स्थान पर रहने वाली टीमों में से बेहतर प्रदर्शन करने वाली 1 टीम भी नए सुपर 7 चरण के लिए क्वालिफाई करेगी। इस तरह कुल 7 टीमें सुपर 7 में पहुंचेंगी। इस चरण में सभी 7 टीमें एक-दूसरे के खिलाफ सिंगल राउंड-रॉबिन आधार पर मुकाबले खेलेंगी, जिससे कुल 21 मैच होंगे। सुपर 7 चरण के अंत में अंक तालिका में शीर्ष 4 स्थान पर रहने वाली टीमें सेमीफाइनल में प्रवेश करेंगी। सेमीफाइनल में पहले स्थान पर रहने वाली टीम का सामना चौथे स्थान वाली टीम से, जबकि दूसरे स्थान की टीम तीसरे स्थान वाली टीम से भिड़ेगी। दोनों सेमीफाइनल के विजेता खिताबी मुकाबले में आमने-सामने होंगे।


