नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व खिलाड़ी मनोज तिवारी ने स्पष्ट किया है कि वे एशिया कप 2025 में होने वाले भारत-पाकिस्तान मैच नहीं देखेंगे। भारत और पाकिस्तान के बीच यह मुकाबला 14 सितंबर को दुबई में खेला जाएगा और यह दोनों टीमों के बीच पहला मैच होगा, जो पहलगाम आतंकवादी हमले के बाद हो रहा है। भारत-पाकिस्तान मैच को लेकर तीखी प्रतिक्रिया सामने आ रही है और मनोज तिवारी ने भी एस मैच के आयोजन कप निराशा जाहिर करते हुए कहा कि पहलगाम में मारे गए निर्दोष नागरिकों को सब भूल गए हैं।
पहलगाम हमले के बाद भारत-पाकिस्तान मैच में सब कुछ भुलाया गया
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार मनोज तिवारी ने कहा कि वे थोड़ा हैरान हैं कि यह मैच हो रहा है। उन्होंने बताया कि पहलगाम हमले में कई निर्दोष नागरिक मारे गए थे और उसके बाद हुई घटनाओं के बाद चर्चा थी कि इस बार भारत करारा जवाब देगा। इसके बावजूद, कुछ ही महीनों में सब कुछ भुला दिया गया। तिवारी ने कहा कि उन्हें यह विश्वास करना मुश्किल हो रहा है कि यह मैच आयोजित हो रहा है और मानव जीवन का मूल्य न के बराबर समझा जा रहा है।
मनोज तिवारी का बयान: खेल से ऊपर है मानव जीवन का मूल्य
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार मनोज तिवारी ने कहा कि मानव जीवन का मूल्य खेल से कहीं अधिक होना चाहिए और इसलिए वह भारत-पाकिस्तान मैच बिल्कुल नहीं देखेंगे। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि पाकिस्तान के साथ खेलकर आखिर क्या हासिल करना चाहते हैं। तिवारी ने जोर देकर कहा कि उनके लिए मैच देखने का तो सवाल ही नहीं उठता। इसके अलावा, हाल ही में खेल मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि कोई भी भारतीय खिलाड़ी पाकिस्तान नहीं जाएगा और पाकिस्तान का कोई खिलाड़ी भारत नहीं आएगा, लेकिन एशिया कप या वर्ल्ड कप जैसे अंतरराष्ट्रीय आयोजनों में दोनों देश आमने-सामने खेल सकते हैं।


