IND vs BAN: भारत ने बांग्लादेश को सात विकेट से हराकर 2-0 से जीती सीरीज, रचा कीर्तिमान

0

नई दिल्ली: कानपुर में टीम इंडिया ने वो करिश्मा कर दिखाया जो टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में बहुत ही कम देखने को मिलता है। टीम इंडिया ने दूसरा टेस्ट मैच जीतने के साथ ही बांग्लादेश का 2 मैचों की टेस्ट सीरीज में 2-0 से सूपड़ा साफ कर दिया। इस तरह भारत ने घर में नया इतिहास बना दिया। पहले टेस्ट में भारत ने 280 रनों से जीत दर्ज की थी और अब दूसरे टेस्ट में बांग्लादेश को 7 विकेट से शिकस्त देकर घरेलू सरजमीं पर बड़ा कारनामा कर दिया।

टीम इंडिया की घर में ये लगातार 18वीं सीरीज जीत है। भारतीय टीम के नाम पहले से ही घर में लगातार सबसे ज्यादा सीरीज जीतने का रिकॉर्ड है। इस मामलें में दूसरे नंबर ऑस्ट्रेलिया है जिसने अपने अपने घर में लगातार 10 सीरीज जीतने का बड़ा कारनामा किया था।बता दें, भारत पिछले 12 साल से घर में टेस्ट सीरीज नहीं हारा है। टीम इंडिया आखिरी बार घर पर 2012 में टेस्ट सीरीज हारी थी। तब इंग्लैंड ने भारतीय टीम को 2-1 से मात दी थी। इस सीरीज के बाद से टीम इंडिया अपने घर में कोई भी टेस्ट सीरीज नहीं हारी है। पिछले 12 साल में भारत ने घर में लगातार 18 बार टेस्ट सीरीज में विरोधी टीम को धूल चटाई है।

इंडिया ने मारी बाजी

कानपुर टेस्ट में पहले दिन बारिश के कारण सिर्फ 35 ओवर का खेल हो सका। इस दौरान बांग्लादेश ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 3 विकेट पर 107 रनों का स्कोर खड़ा। बारिश के कारण दूसरे और तीसरे दिन एक भी गेंद नहीं फेंकी जा सकी लेकिन चौथे दिन भारतीय गेंदबाजों ने कमाल की गेंदबाजी करते हुए बांग्लादेश को 233 रनों पर ढेर कर दिया। इसके जवाब में भारत ने चौथे दिन ताबड़तोड़ अंदाज में पारी का आगाज करते हुए टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में सबसे तेज 50, 100 और 200 रनों का टीम स्कोर बनाने का बड़ा कारनामा कर दिखाया। भारत ने अपनी पहली पारी 285/9 रनों के स्कोर पर घोषित की।

2-0 से सूपड़ा साफ

दूसरी पारी में बल्लेबाजी करने उतरी बांग्लादेश की टीम सिर्फ 146 रन ही बना सकी जिससे टीम इंडिया को जीत के लिए 95 रनों का टारगेट मिला। आखिरी दिन दूसरे सेशन में भारतीय पारी का धमाकेदार आगाज हुआ लेकिन रोहित शर्मा सस्ते में पवेलियन लौट गए। गिल भी 6 रन बनाकर चलते बने। इसके बाद विराट कोहली और यशस्वी जायसवाल ने मोर्चा संभाला और इस तरह भारत मैच के साथ-साथ सीरीज पर भी कब्जा करने में कामयाब रहा।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here