नई दिल्ली: भारत और इंग्लैंड के बीच 5 मैचों की टेस्ट सीरीज का चौथा मुकाबला बुधवार, 23 जुलाई से मैनचेस्टर के ओल्ड ट्रैफर्ड मैदान पर खेला जाएगा। सीरीज में 1-2 से पीछे चल रही भारतीय टीम के लिए यह मुकाबला बेहद अहम है, लेकिन चिंता की बात यह है कि ओल्ड ट्रैफर्ड में भारत का रिकॉर्ड ज्यादा अच्छा नहीं रहा है। ऐसे में टीम को वापसी करने के लिए दमदार प्रदर्शन करना होगा, खासकर बल्लेबाज़ी और शुरुआती ओवरों में गेंदबाज़ी में सुधार की जरूरत होगी। वह यहां 1 भी मैच नहीं जीती है। मैनचेस्टर टेस्ट पर बारिश का साया है। मैच से एक दिन पहले मंगलवार (22 जुलाई) को खूब बारिश हुई। मैनचेस्टर में लगातार बारिश के कारण ओल्ड ट्रैफर्ड की पिच बहुत समय तक ढकी रही है। ऐसे में टॉस जीतने वाली टीम नमी का फायदा उठाने के लिए पहले गेंदबाजी का फैसला कर सकती है। अच्छी बात यह है कि मैच के दौरान बारिश की संभावना काफी कम है। हालांकि, बादल छाए रहने के कारण मैच लो स्कोरिंग हो सकता है।
मैनचेस्टर मौसम रिपोर्ट
बीबीसी वेदर के मुताबिक, मैनचेस्टर टेस्ट के पहले दिन मौसम अपेक्षाकृत साफ रहने की संभावना है। सुबह 10 बजे से रात 8 बजे तक बारिश की संभावना 23 प्रतिशत से ज्यादा नहीं है। ऐसे में मुकाबले के पहले दिन खेल बाधित होने की आशंका बेहद कम है, जिससे दोनों टीमों को पूरा समय खेलने का मौका मिल सकता है। दूसरे दिन बारिश होने की संभावना ज्यादा है। सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक 30 से 38 प्रतिशत बारिश की संभावना है। तीसरे दिन बारिश की संभावना नहीं है। चौथे दिन भी बारिश की संभावना नहीं है। पांचवें दिन हल्की बारिश की संभावना है।
ओल्ड ट्रैफर्ड पिच रिपोर्ट
इस सीजन की शुरुआत में मैनचेस्टर की इस पिच पर खेले गए काउंटी मैचों में पहली पारी में बड़े स्कोर देखने को मिले हैं। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि शुरुआती दिनों में बल्लेबाज़ों को मदद मिल सकती है। हालांकि, आखिरी बार मई में ऐसा हुआ था। मैच से पहले काफी बारिश हुई है और बादल छाए रहने की उम्मीद के चलते टीमें पहले गेंदबाज़ी करना पसंद कर सकती हैं, लेकिन इसके साथ एक दुविधा भी है। टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने वाली कोई भी टीम ओल्ड ट्रैफर्ड टेस्ट नहीं जीत पाई है।


