नई दिल्ली: न्यूजीलैंड के दिग्गज क्रिकेटर केन विलियमसन ने अपने भविष्य को लेकर चल रही अटकलों पर विराम लगाते हुए टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी है। भारत में ‘मामा’ के नाम से मशहूर 35 वर्षीय विलियमसन का यह फैसला टी20 वर्ल्ड कप 2026 से पहले न्यूजीलैंड के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। आगामी वर्ल्ड कप भारत और श्रीलंका में फरवरी-मार्च 2026 में आयोजित होना है, जहां की परिस्थितियों में विलियमसन का अनुभव टीम के लिए बेहद उपयोगी साबित हो सकता था।
विलियमसन वनडे और टेस्ट खेलते रहेंगे। उन्होंने दिसंबर में वेस्टइंडीज के खिलाफ तीन मैचों की सीरीज से न्यूजीलैंड के लिए टेस्ट क्रिकेट खेलने को लेकर प्रतिबद्धता जताई है। 35 साल के विलियमसन ने अक्टूबर 2011 में डेब्यू के बाद से न्यूजीलैंड के लिए 93 टी20 मैच खेले।उन्होंने महीने की शुरुआत में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ तीन मैचों की सीरीज से बाहर रहने का फैसला किया। फिर ग्रोइन इंजरी के कारण इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज में भी नहीं खेल पाए, जिसमें मेजबान टीम को 1-0 से हार मिली।
परिवार को दी प्राथमिकता: केन विलियमसन ने कहा टी20 क्रिकेट को अलविदा
विलियमसन की 7 महीने बाद इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में इंटरनेशनल क्रिकेट में वापसी हुई थी। मार्च में भारत के खिलाफ चैंपियंस ट्रॉफी फाइनल के बाद वह न्यूजीलैंड के लिए पहली बार खेले, लेकिन उन्होंने पहले ही साफ कर दिया था कि वह अब परिवार पर ज्यादा समय देंगे। ऐसे में उन्होंने सबसे छोटे फॉर्मेट को अलविदा कहने का फैसला किया है। विलियमसन ने पहले ही व्हाइट-बॉल की कप्तानी मिचेल सेंटनर को सौंप दी थी। न्यूजीलैंड की टी20 टीम में नंबर 3 की जगह रचिन रविंद्र ने ले ली थी। इसके अलावा टिम सीफर्ट, टिम रॉबिन्सन और मार्क चैपमैन जैसे खिलाड़ी भी रेस में हैं।
केन विलियमसन का शानदार करियर: एक नजर उपलब्धियों पर
विलियमसन टी20 इंटरनेशनल में न्यूजीलैंड के दूसरे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी के रूप में संन्यास ले रहे हैं। उन्होंने 33.44 के औसत से 2,575 रन बनाए, जिसमें 18 अर्धशतक और 95 रन की सर्वश्रेष्ठ पारी शामिल है। विलियमसन ने अपने करियर में 75 टी20 मैचों में टीम की कप्तानी की और अपने नेतृत्व में न्यूजीलैंड को 2016 और 2022 के टी20 वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल तक पहुंचाया, जबकि 2021 में उन्होंने टीम को फाइनल तक का सफर तय कराया था।

