नई दिल्ली: भारत और साउथ अफ्रीका के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज रविवार, 30 नवंबर से रांची में शुरू होगी। शुभमन गिल और श्रेयस अय्यर की गैर मौजूदगी में भारतीय टीम का नेतृत्व केएल राहुल करेंगे। वहीं टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद रोहित शर्मा और विराट कोहली पहली बार घरेलू मैदान पर वनडे फॉर्मेट में उतरेंगे, जिससे मुकाबले को लेकर उत्साह और बढ़ गया है। इस सीरीज में रविंद्र जडेजा और ऋषभ पंत की भी टीम में वापसी हुई है। पंत चैंपियंस ट्रॉफी स्क्वाड का हिस्सा थे, लेकिन मैदान पर खेलने का मौका उन्हें नहीं मिला था। इस बार फैंस की नजरें इस बात पर होंगी कि क्या उन्हें 16 महीनों बाद प्लेइंग इलेवन में जगह मिल पाती है या नहीं।
रांची टेस्ट में टूटेगा रोहित–कोहली–जडेजा का 291 दिन का सूखा
रोहित शर्मा और विराट कोहली अब केवल वनडे क्रिकेट में सक्रिय हैं। दोनों दिग्गज खिलाड़ी चैंपियंस ट्रॉफी के बाद पिछले महीने ऑस्ट्रेलिया दौरे पर भारत के लिए मैदान में उतरे थे। साउथ अफ्रीका के खिलाफ पहले वनडे में रोहित और विराट 291 दिनों के अंतराल के बाद घरेलू मैदान पर खेलते नजर आएंगे। इससे पहले उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ 12 नवंबर 2025 को आखिरी वनडे मैच खेला था। वहीं, रविंद्र जडेजा भी 266 दिनों के लंबे इंतजार के बाद वनडे फॉर्मेट में वापसी करेंगे; उनका पिछला वनडे मुकाबला 9 मार्च 2025 को था।
16 महीने बाद क्या ऋषभ पंत को मिलेगा खेल का मौका?
श्रेयस अय्यर के अनुपस्थिति और केएल राहुल के कप्तान होने के कारण ऋषभ पंत को बतौर विकेटकीपर टीम में शामिल होने का मौका मिल सकता है। अगर ऐसा होता है, तो पंत 16 महीने बाद वनडे क्रिकेट में खेलते नजर आएंगे। उन्होंने पिछला वनडे मैच श्रीलंका दौरे पर 7 अगस्त 2024 को खेला था। उसके बाद से पंत भारतीय टीम का नियमित सदस्य रहे हैं, लेकिन प्लेइंग इलेवन में उन्हें खेलने का अवसर नहीं मिला। ऑस्ट्रेलिया दौरे पर चोट के कारण वह टीम का हिस्सा नहीं बन सके थे।
23 महीने बाद क्या ऋतुराज और तिलक को मिलेगा टीम में मौका?
भारतीय वनडे टीम में ऋतुराज गायकवाड़ और तिलक वर्मा को 23 महीने बाद फिर से खेलने का मौका मिल सकता है। दोनों खिलाड़ी आखिरी बार दिसंबर 2023 में वनडे मुकाबलों में उतरे थे, जब साउथ अफ्रीका दौरे पर भारतीय टीम की कमान केएल राहुल के हाथों में थी। उस सीरीज के अंतिम मैच में संजू सैमसन ने शतक जड़ा था, लेकिन उसके बाद से वह वनडे फॉर्मेट में नहीं खेले हैं।
साउथ अफ्रीका का स्क्वॉड
एडेन मार्करम, क्विंटन डिकॉक (विकेटकीपर), टेम्बा बावुमा (कप्तान), मैथ्यू ब्रीट्जके, डेवाल्ड ब्रेविस, रुबिन हरमन, मार्को यानसेन, कॉर्बिन बॉश, केशव महाराज, नंद्रे बर्गर, लुंगी एनगिडी, रयान रिकेल्टन, ओटनील बार्टमैन, टोनी डी जोरजी, प्रेनेलन सुब्रायन।
भारत का स्क्वाड
यशस्वी जायसवाल, रोहित शर्मा, विराट कोहली, ऋषभ पंत, केएल राहुल (विकेटकीपर), वाशिंगटन सुंदर, रविंद्र जडेजा, नितीश कुमार रेड्डी, हर्षित राणा, अर्शदीप सिंह, प्रसिद्ध कृष्णा, ऋतुराज गायकवाड़, तिलक वर्मा, ध्रुव जुरेल, कुलदीप यादव।

