नई चंडीगढ़. अफ़ग़ानिस्तान के खिलाफ 6 जून से न्यू चंडीगढ़ में शुरू होने वाले एकमात्र टेस्ट मैच से पहले भारतीय टीम की तैयारियों के लिए सात नेट गेंदबाज़ों का चयन किया गया है। इनमें रणजी ट्रॉफी 2025-26 के सर्वश्रेष्ठ गेंदबाज़ रहे आक़िब नबी और युवा तेज़ गेंदबाज़ प्रिंस यादव प्रमुख नाम हैं। चयनित गेंदबाज़ भारतीय बल्लेबाज़ों को अभ्यास के दौरान चुनौती देंगे और टीम की तैयारियों को मजबूती प्रदान करेंगे।
अन्य नेट गेंदबाज़ों में तेज़ गेंदबाज़ गुरजपनीत सिंह तथा स्पिन गेंदबाज़ शिवांग कुमार, सारांश जैन और ज़ीशान अंसारी शामिल हैं। इन खिलाड़ियों को घरेलू क्रिकेट में उनके प्रभावशाली प्रदर्शन के आधार पर यह अवसर मिला है।
आक़िब नबी का चयन विशेष रूप से चर्चा का विषय है। जम्मू-कश्मीर के इस तेज़ गेंदबाज़ ने हालिया रणजी ट्रॉफी सीज़न में शानदार प्रदर्शन करते हुए 12.56 की औसत से 60 विकेट हासिल किए थे और प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुने गए थे। उनकी घातक गेंदबाज़ी ने जम्मू-कश्मीर को पहली बार रणजी ट्रॉफी का खिताब दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। शानदार प्रदर्शन के बावजूद उन्हें टेस्ट टीम में जगह नहीं मिल सकी, हालांकि चयनकर्ताओं ने माना था कि वह चयन के बेहद करीब थे।
वहीं, प्रिंस यादव पहले से ही आगामी तीन मैचों की वनडे सीरीज़ के लिए भारतीय टीम का हिस्सा हैं। ऐसे में नेट गेंदबाज़ के रूप में उनकी मौजूदगी भारतीय बल्लेबाज़ों को अतिरिक्त अभ्यास का अवसर देगी।
मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर ने पहले स्पष्ट किया था कि भारतीय परिस्थितियों को देखते हुए टेस्ट टीम में सीमित संख्या में ही तेज़ गेंदबाज़ों को शामिल किया गया है। इसी कारण नबी जैसे प्रतिभाशाली गेंदबाज़ को अंतिम टीम में जगह नहीं मिल सकी।
भारत और अफ़ग़ानिस्तान के बीच यह केवल दूसरा टेस्ट मैच होगा। दोनों टीमों के बीच पहला टेस्ट 2018 में बेंगलुरु में खेला गया था, जो अफ़ग़ानिस्तान के टेस्ट इतिहास का पहला मुकाबला था। उस मैच में भारत ने एक पारी और 262 रन से शानदार जीत दर्ज की थी।
अब भारतीय टीम एक बार फिर अफ़ग़ानिस्तान के खिलाफ जीत की उम्मीद के साथ मैदान में उतरेगी, जबकि चयनित नेट गेंदबाज़ टीम की तैयारियों को धार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।


