नई दिल्ली : भारतीय महिला हॉकी टीम के साथ टोक्यो ओलंपिक 2020 (2021) में सुर्खियां बटोरने वाले कोच शोर्ड मारिन (Sjoerd Marijne) की टीम में फिर से वापसी हो गई है। यह उनका टीम इंडिया के साथ तीसरा कार्यकाल होगा। 14 जनवरी से वे भारतीय महिला टीम के साथ बतौर चीफ कोच जुड़ेंगे। साल 2017 में जब उन्होंने पहली बार यह जिम्मेदारी संभाली थी, तब भारतीय महिला हॉकी टीम कठिन दौर से गुजर रही थी।
नीदरलैंड्स के कोच शोर्ड मारिन ने भारतीय महिला टीम को अपनी कोचिंग में टोक्यो ओलंपिक में ब्रॉन्ज मेडल मैच तक पहुंचाया था। दुर्भाग्यवश, भारतीय टीम वह मैच हार गई और टूर्नामेंट में चौथे स्थान पर रही। अब, इस साल होने वाले कॉमनवेल्थ गेम्स और एशियन गेम्स को ध्यान में रखते हुए, शोर्ड मारिन को फिर से बतौर चीफ कोच भारतीय महिला हॉकी टीम में शामिल किया गया है।
पेरिस ओलंपिक के लिए महिला हॉकी टीम नहीं कर पाई क्वालिफाई
शोर्ड मारिन के जाने के बाद भारतीय महिला हॉकी टीम पेरिस ओलंपिक के लिए क्वालिफाई नहीं कर पाई थी। कई सीनियर खिलाड़ियों की मांग पर उन्हें फिर से टीम में लाया गया है। अब उनकी पहली चुनौती टीम के साथ मार्च 8 से 14 तक हैदराबाद में होने वाले विश्व कप क्वालिफिकेशन टूर्नामेंट में होगी।
शोर्ड मारिन के साथ अर्जेंटीना के पूर्व मिडफील्डर मटियास विला (Matias Vila) को अनालिटिकल कोच नियुक्त किया गया है। वह 2000 सिडनी ओलंपिक और 2004 एथेंस ओलंपिक में अर्जेंटीना की टीम का हिस्सा थे। वहीं साउथ अफ्रीका के वायने लोम्बार्ड (Wayne Lombard) की भी महिला हॉकी टीम में वापसी हुई है। उन्हें बतौर साइंटिफिक एडवाइजर और एथलेटिक परफॉर्मेंस के हेड के तौर पर लाया गया है।
गौरतलब है कि शोर्ड मारिन ने 2021 में टोक्यो ओलंपिक के बाद व्यक्तिगत कारणों का हवाला देते हुए अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने कहा था कि अब वह अपने परिवार के साथ समय बिताना चाहते हैं। हालांकि, इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक, उनके खिलाफ खिलाड़ियों ने खेल मंत्रालय में टीम के साथ व्यवहार और खराब नतीजों को लेकर शिकायत दर्ज कराई थी, और इसी वजह से उन्होंने अपना पद छोड़ा था।

