नई दिल्ली : वैभव सूर्यवंशी ने जिम्बाब्वे के खिलाफ टी20 सीरीज में भारत के लिए शानदार बल्लेबाजी करते हुए खूब रन बनाए थे, जिसके बाद उनसे दलीप ट्रॉफी में भी बड़ी पारी की उम्मीद की जा रही थी। टी20 प्रारूप में अपनी क्षमता साबित कर चुके वैभव अब लाल गेंद के क्रिकेट में खुद को साबित करने की कोशिश में हैं। माना जा रहा था कि दलीप ट्रॉफी में वह कोई बड़ी और यादगार पारी खेलेंगे, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। टूर्नामेंट में उनका प्रदर्शन औसत रहा और वह अपनी उम्मीदों के मुताबिक प्रभाव छोड़ने में नाकाम रहे। अब नजर इस बात पर होगी कि क्रिकेट के लंबे प्रारूप में वैभव आगे किस तरह का प्रदर्शन करते हैं।
वैभव अब अफगानिस्तान के खिलाफ 3 मैचों की टी20 सीरीज में खेलते हुए नजर आएंगे, लेकिन दलीप ट्रॉफी किए गए प्रदर्शन से अब ये सवाल उठने लगा कि अगर वो इस तरह का खेल दिखा पाएंगे तो क्या भारतीय टेस्ट टीम में जगह बना पाएंगे। वैभव लाल गेंद के इस टूर्नामेंट में उसी अंदाज में खेलते हुए नजर आए जिसके लिए वो जाने जाते हैं, लेकिन इसके दम पर वो एक पारी को छोड़कर हर बार निराश करते ही नजर आए यानी वैभव को अभी लाल गेंद के क्रिकेट में काफी कुछ काम करने की जरूरत है।
दलीप ट्रॉफी में कैसा रहा वैभव सूर्यवंशी का प्रदर्शन?
दलीप ट्रॉफी 2026 में वैभव सूर्यवंशी ने ईस्ट जोन का प्रतिनिधित्व किया और टीम के उप-कप्तान की भूमिका भी निभाई। उन्होंने टूर्नामेंट में तीन मैच खेले और पांच पारियों में कुल 183 गेंदों का सामना करते हुए 192 रन बनाए। इस दौरान उनका बल्लेबाजी औसत 38.40 और स्ट्राइक रेट 104.91 रहा, जो लाल गेंद के क्रिकेट के लिहाज से प्रभावशाली रहा। हालांकि, वह पांच पारियों में सिर्फ एक अर्धशतक ही लगा सके और उनका सर्वोच्च स्कोर 92 रन रहा। वैभव ने अपनी पारियों के दौरान 18 चौके और 10 छक्के भी लगाए।


