खेल मंत्री विश्वास सारंग ने सभी खिलाड़ियों को प्रोत्साहित किया
NST News, भोपाल। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दो साल पहले ‘मन की बात’ (30 जुलाई 2023) में शहडोल जिले के विचारपुर ग्राम को ‘मिनी ब्राजील’ कहा था। उस समय शायद ही किसी ने सोचा होगा कि यह गांव एक दिन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फुटबॉल में अपनी पहचान बनाएगा। आज वही सपना साकार हो रहा है। विचारपुर की इस उपलब्धि ने न केवल मध्यप्रदेश बल्कि पूरे देश में खेल प्रेमियों में उत्साह भर दिया है। छोटे-छोटे बच्चों का खेल के प्रति जुनून और मेहनत अब उन्हें अंतरराष्ट्रीय मंच तक ले जा रही है।
जर्मनी के क्लब ने दिया आमंत्रण
जर्मनी का प्रतिष्ठित फुटबॉल क्लब FC Ingolstadt 04 अब विचारपुर के खिलाड़ियों को प्रशिक्षण देने के लिए आमंत्रित कर रहा है। क्लब ने अंडर-17 आयु वर्ग से 2 बालक, 2 बालिका और 1 प्रशिक्षक को 4 से 12 अक्टूबर तक जर्मनी बुलाया है। यहां खिलाड़ियों को आधुनिक प्रशिक्षण और विश्वस्तरीय सुविधाएं मिलेंगी। यह अवसर न सिर्फ विचारपुर बल्कि पूरे प्रदेश और देश के लिए गौरव का विषय है।
तात्या टोपे नगर स्टेडियम में हुई खिलाड़ियों से मुलाकात
गुरुवार को खेल मंत्री विश्वास सारंग ने तात्या टोपे नगर स्टेडियम में चयनित खिलाड़ियों से मुलाकात की। उन्होंने कहा, “हमारी इच्छा है कि विचारपुर को जर्मनी की तरह फुटबॉल की पहचान मिले। यहां के खिलाड़ी दुनिया भर में प्रदेश का नाम रोशन करेंगे।” इस मौके पर खेल संचालक राकेश गुप्ता और संयुक्त संचालक बी.एस. यादव भी मौजूद रहे। दोनों अधिकारियों ने बच्चों को शुभकामनाएं दीं और कहा कि यह यात्रा उनके जीवन का सबसे महत्वपूर्ण अनुभव साबित होगी।
सभी इंतजाम विभाग करेगा
खिलाड़ियों की जर्मनी यात्रा के लिए जरूरी सभी इंतजाम खेल विभाग द्वारा किए जाएंगे। इसमें वीज़ा, पासपोर्ट, टिकट और खिलाड़ियों के सामान से लेकर अन्य व्यवस्थाएं शामिल होंगी। विभाग की कोशिश है कि खिलाड़ियों को विदेश यात्रा के दौरान किसी भी तरह की दिक्कत न हो और वे पूरी तसल्ली से प्रशिक्षण ले सकें।
चयनित बच्चे और भविष्य की उम्मीदें
विचारपुर से कुल 10 प्रतिभाशाली बच्चे चयनित हुए हैं, जिनमें से चार का चयन जर्मनी प्रशिक्षण के लिए किया जाएगा। इन बच्चों के नाम हैं सपना गुप्ता, सुहानी कॉल, रागिनी सिंह, सानिया कुंड, सादिया अंजुम, मनीष रसिया, वीरेंद्र बैग, अतुल बैग, प्रीतम कुमार, मोहम्मद अलहम दुल्लाह। ये सभी बच्चे अंडर-17 बालक और बालिका वर्ग के हैं और इनके खेल कौशल और मेहनत ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय प्रशिक्षण के लिए योग्य बनाया है। चयनित चार खिलाड़ी इस यात्रा में जर्मनी में प्रशिक्षण लेकर अपने करियर को नई दिशा देंगे।
नई दिशा देगा यह अवसर
विश्वास सारंग ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने हमेशा छोटे-छोटे प्रयासों और ग्रामीण क्षेत्रों की प्रतिभाओं को मंच दिया है। विचारपुर इसका उदाहरण है। उन्होंने कहा कि यह प्रशिक्षण खिलाड़ियों के भविष्य को नई दिशा देगा और मध्यप्रदेश की खेल प्रतिभा को वैश्विक पहचान मिलेगी। यह अवसर न केवल बच्चों के व्यक्तिगत विकास के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि यह पूरे प्रदेश में खेल को बढ़ावा देने वाला कदम भी है।
गांव से ग्लोबल मंच तक
विचारपुर के बच्चों की यह उपलब्धि बताती है कि खेल का जुनून और मेहनत किसी भी गांव को वैश्विक पहचान दिला सकता है। जहां कभी फुटबॉल केवल शौक था, अब वहां से खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रशिक्षण के लिए चुने जा रहे हैं। खास बात यह है कि इस बार चयनित सभी खिलाड़ी अंडर-17 बालक और बालिका वर्ग के होंगे। यह कदम आने वाले वर्षों में और भी बच्चों को प्रेरित करेगा और ग्रामीण क्षेत्रों में खेल के महत्व को उजागर करेगा।

