लंदन। ऑस्ट्रेलिया ने महिला टी20 विश्व कप 2026 के फाइनल में इंग्लैंड को सात विकेट से हराकर रिकॉर्ड सातवीं बार खिताब अपने नाम कर लिया। लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड में खेले गए मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया ने 151 रनों के लक्ष्य का सफल पीछा करते हुए महिला टी20 विश्व कप फाइनल का सबसे बड़ा रन चेज़ भी दर्ज किया। यह ऑस्ट्रेलिया का वनडे और टी20 विश्व कप मिलाकर 13वां महिला विश्व कप खिताब है।

इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए चार विकेट पर 150 रन बनाए। नेट सिवर-ब्रंट ने नाबाद 58 और फ्रेया कैम्प ने नाबाद 44 रन की अहम पारियां खेलीं। दोनों बल्लेबाजों ने पांचवें विकेट के लिए 80 रनों की अटूट साझेदारी कर टीम को चुनौतीपूर्ण स्कोर तक पहुंचाया। ऑस्ट्रेलिया की ओर से लूसी हैमिल्टन, सोफी मोलिन्यू, किम गार्थ और एनाबेल सदरलैंड ने एक-एक विकेट लिया।
लक्ष्य का पीछा करने उतरी ऑस्ट्रेलिया ने शुरुआती झटका जल्दी गंवा दिया, लेकिन बेथ मूनी और फीबी लिचफील्ड ने दूसरे विकेट के लिए 100 रनों की शानदार साझेदारी कर मैच पूरी तरह ऑस्ट्रेलिया के पक्ष में कर दिया। मूनी ने 64 रनों की शानदार पारी खेलते हुए लगातार तीसरे टी20 विश्व कप फाइनल में अर्धशतक जमाया, जबकि लिचफील्ड 48 रन बनाकर आउट हुईं। दोनों की शानदार बल्लेबाजी के दम पर ऑस्ट्रेलिया ने आसानी से लक्ष्य हासिल कर लिया।

यह जीत ऑस्ट्रेलिया के महिला क्रिकेट में लंबे समय से चले आ रहे दबदबे का एक और प्रमाण है। पूरे टूर्नामेंट में टीम ने आक्रामक क्रिकेट खेली और फाइनल में भी अपने अनुभव का बेहतरीन प्रदर्शन किया। दूसरी ओर इंग्लैंड की सिवर-ब्रंट और कैम्प की संघर्षपूर्ण पारियां टीम को जीत नहीं दिला सकीं। ऑस्ट्रेलिया ने एक बार फिर साबित कर दिया कि महिला टी20 क्रिकेट में उसका मुकाबला करना किसी भी टीम के लिए आसान नहीं है।


