नई दिल्ली: आगामी इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) सत्र के भविष्य को लेकर बनी अनिश्चितता के बीच अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ (एआईएफएफ) ने शनिवार को अपने रेफरियों को भरोसा दिलाया कि उनके अनुबंध निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार नवीनीकृत किए जाएंगे। महासंघ ने स्पष्ट किया कि रेफरियों के चयन और अनुबंध नवीनीकरण की प्रक्रिया पूर्व निर्धारित मानकों के तहत ही पूरी की जाएगी, ताकि टूर्नामेंट के संचालन में किसी तरह की बाधा न आए।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार एआईएफएफ ने कहा कि उसे पांच अगस्त को नौ रेफरियों का एक संयुक्त पत्र मिला जिसमें 31 अगस्त को समाप्त होने वाले उनके पेशेवर मैच आधिकारिक अनुबंधों को बढ़ाने का अनुरोध किया गया था। एआईएफएफ ने एक नोटिस में कहा, ‘एआईएफएफ यह आश्वासन देना चाहता है कि इन अनुबंधों का नवीनीकरण स्थापित प्रक्रियाओं के अनुसार किया जाएगा जो एलीट रेफरी विकास कार्यक्रम की मौजूदा प्रक्रिया के अधीन होगा।’
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार महासंघ ने आगे कहा, ‘एआईएफएफ सभी पक्षों से शांत रहने का आग्रह करता है क्योंकि वर्तमान में कई प्रतियोगिताएं चल रही हैं जहां हमारे कई रेफरी डूरंड कप और फुटसल क्लब चैंपियनशिप जैसे मैचों में अंपायरिंग कर रहे हैं।’ उसने कहा, ‘अन्य गतिविधियां जैसे म्यांमा में एएफसी अंडर-20 महिला एशियाई कप 2026 क्वालीफायर में अंडर-20 महिला राष्ट्रीय टीम के मैच तथा बेंगलुरु में अंडर-23 पुरुष और अंडर-17 महिला राष्ट्रीय टीम के शिविर भी चल रहे हैं।’ रेफरियों की चिंता का कारण आईएसएल के 2025-26 सत्र को लेकर चल रहा गतिरोध माना जा सकता है।


