भोपाल। 20 फरवरी 2024 को 21 कि.मी. पैंगोंग फ्रोजन लेक मैराथन 2024 का आयोजन लेह-लद्दाख में -35 डिग्री तापमान पर स्थित 18,680 फीट की ऊंचाई पर जमी पैंगोंग झील पर किया गया। यह मैराथन गिनीज वर्ल्ड रिकार्ड बनाने का मौका प्रदान करती है। भारत में अधिक ऊंचाई पर -35 डिग्री के निम्न तापमान पर आयोजित दुनिया की एक अलग तरह की मैराथन है, जिसे (ASFL) एडवेंचर स्पोर्ट्स फाउंडेशन ऑफ लद्दाख द्वारा आयोजित की जाती है।
मैराथन एथेलीट भगवान सिंह ने अवगत कराया कि इस मैराथन में देश और विदेश से 120 एथलीट ने प्रतिभागिता की। -35 डिग्री तापमान में आयोजित मैराथन काफी कठिनाइयों से भरी होती है, जिसकी आवश्यक तैयारियों के लिए एथलीट को 06 दिन पूर्व आमंत्रित किया गया था। मैराथन के पूर्व कड़े टेस्ट सभी प्रतिभागियों को गुजरना पड़ा था। तैयारियों में साउथ पोल से 10 कि.मी. दौड़, मैराथन स्थल पैंगोंग पर 05 कि.मी. ट्रायल रन किया जाता है। तैयारियों के दौरान प्रतिदिन प्रतिभागियों का मेडीकल टेस्ट किया गया। मौसम खराब होने के कारण 42 कि.मी. की मैराथन के स्थान पर 21 कि.मी. की मैराथन आयोजित की गई।
20 फरवरी 2024 को आयोजित 21 कि.मी. पैंगोंग फ्रोजन लेक मैराथन 2024 में 8680 फीट पर -35 डिग्री तापमान पर मध्यप्रदेश के 02 युवा एथलीट भगवान सिंह कुशवाह और महेश खुराना ने शानदार प्रदर्शन करते हुये गिनीज वर्ल्ड बुक रिकार्ड में अपना नाम दर्ज कर देश और प्रदेश को गौरवान्वित किया। उल्लेखनीय है कि भगवान सिह जो कि मध्यप्रदेश के पहले दुनिया की सबसे ऊंची चोंटी मॉउण्ट एवरेस्ट पर फतह करने वाले पर्वतारोही है। इनके द्वारा अब तक राष्ट्रीय स्तर की 110 मैराथन पूरी की हैं।
इस उपलब्धि पर खेल मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने भगवान सिंह कुशवाह और महेश खुराना का उत्साहवर्धन करते हुये, दोनों एथेलीटों को बधाई दी है। यहां यह भी उल्लेखनीय है प्रदेश के पहले माउंटेन मैन भगवान सिंह कुशवाह को खेल मंत्री विश्वास कैलाश सारंग की पहल पर विक्रम अवार्ड प्राप्त करने पर शासकीय नौकरी हेतु विभाग का आवंटन किया था। भगवान सिंह को खेल मंत्री जी की पहल पर ऊर्जा विभाग में कार्य करने का अवसर प्राप्त होने जा रहा है। संचालक खेल डॉ0 रविकुमार गुप्ता ने भी दोनों युवाओं की प्रशंसा करते हुये बधाई दी है। भोपाल पहुंचने पर दोनों युवाओं का भव्य स्वागत किया गया।


