नई दिल्ली : अफगानिस्तान के खिलाफ टेस्ट और वनडे सीरीज के लिए मंगलवार (19 मई) को हुई भारतीय टीम की चयन बैठक में चयनकर्ता पूर्व कप्तान रोहित शर्मा और ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या की फिटनेस को लेकर चिंतित दिखे। दोनों खिलाड़ियों का वनडे टीम में चयन हुआ है, लेकिन यह भी साफ किया गया कि वे फिट होने पर ही मैदान में उतरेंगे।
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) को संदेह है कि रोहित शर्मा अक्टूबर-नवंबर 2027 में होने वाले वनडे वर्ल्ड कप तक फिट रह पाएंगे। चयनकर्ताओं ने रोहित की फिटनेस रिपोर्ट मांगी थी क्योंकि वह हैमस्ट्रिंग की चोट के कारण तीन सप्ताह आईपीएल में नहीं खेल पाए थे। हार्दिक पंड्या को लेकर चिंता यह है कि क्या वह 10 ओवर गेंदबाजी कर पाएंगे।
वनडे क्रिकेट में नहीं होता IPL जैसा इम्पैक्ट प्लेयर नियम
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, ‘रोहित ने उन तीन हफ्तों में बीसीसीआई के सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस (CoE) में रिपोर्ट नहीं किया। वह दुबले-पतले हो गए हैं, लेकिन इस बात की चिंता है कि उनका शरीर भार झेल पाएगा या नहीं। उन्हें 50 ओवर फील्डिंग करनी है। वनडे क्रिकेट में आईपीएल जैसा इम्पैक्ट प्लेयर का ऑप्शन नहीं होता। जब आप 40 के इतने करीब होते हैं तो शरीर को ठीक होने में समय लगता है।’
टीम इंडिया ने शुरू की बैकअप ओपनर की तैयारी
रोहित को लेकर चयनकर्ता और टीम मैनेजमेंट परेशान हैं क्योंकि उन्हें यशस्वी जायसवाल के अलावा और बैकअप ओपनर तैयार करने की जरूरत है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, ‘वर्ल्ड कप से पहले ज्यादा वनडे नहीं हैं। वैसे भी जायसवाल को खेलने का ज्यादा समय नहीं मिला है। इशान को इसलिए चुना गया है ताकि वह ओपनर की भूमिका भी निभा सके। लेकिन अगर रोहित वर्ल्ड कप में नहीं खेल पाते हैं और शुभमन गिल या जायसवाल में से कोई चोटिल हो जाता है, तो एक और ओपनर तैयार रखना होगा।’
हार्दिक पंड्या को लेकर चिंता
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, ‘चयन बैठक से 48 घंटे पहले तक हार्दिक को फिटनेस की चिंता के बारे में नहीं बताया गया था। वह 2 मई से मुंबई इंडियंस के लिए नहीं खेले थे। चेन्नई में मैच के बाद उन्होंने पीठ में ऐंठन की शिकायत की थी, लेकिन तब से वह नहीं खेले थे। वह रिलायंस की फैसिलिटी और वानखेड़े स्टेडियम में ट्रेनिंग कर रहे थे। हालांकि वह टीम में वापस आ गए हैं, लेकिन यह तय नहीं है कि उन्हें अपनी फिटनेस कैसे साबित करनी है। चयनकर्ताओं को बस इस बात की चिंता है कि वह 10 ओवर गेंदबाजी नहीं कर पाएंगे।’
नितीश-हर्षित से पेस बॉलिंग ऑलराउंडर की भूमिका निभाने की उम्मीद
हार्दिक पंड्या की बात करें तो जनवरी के पहले हफ्ते में न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन मैचों की वनडे सीरीज से पहले सीओई ने उन्हें 10 ओवर फेंकने की इजाजत नहीं दी थी। इसी वजह से उन्हें वनडे टीम में नहीं चुना गया, क्योंकि चयनकर्ता उन्हें टी20 वर्ल्ड कप के लिए बचाकर रखना चाहते थे। हालांकि, उन्होंने पांच दिन बाद विजय हजारे ट्रॉफी में बड़ौदा के लिए 10 ओवर का स्पेल फेंका। अब चयनकर्ता नितीश कुमार रेड्डी और हर्षित राणा से मीडियम-पेस बॉलिंग ऑलराउंडर की भूमिका निभाने की उम्मीद कर रहे हैं।


