नई दिल्ली : अजीत अगरकर के जाने के बाद भारतीय क्रिकेट टीम की चयन समिति में एक पद खाली है। पश्चिम क्षेत्र से इस पद के लिए मुंबई क्रिकेट के दो दिग्गज रमेश पोवार और वसीम जाफर के नाम चर्चा में हैं। पोवार ने भारत के लिए 2 टेस्ट मैच खेले हैं, जबकि जाफर के नाम 31 टेस्ट मैचों का अनुभव है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार हालांकि, भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) की प्राथमिकता प्रज्ञान ओझा को मुख्य चयनकर्ता बनाने की बताई जा रही है। ऐसी स्थिति में रमेश पोवार को चयन समिति में जगह मिलने की संभावना जताई जा रही है।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार जाफर ने पीटीआई से कहा, ‘हां, मैंने पद के लिए आवेदन किया है।’ जाफर (48 वर्ष) ने भारत के लिए 31 टेस्ट मैच खेले और करीब 2,000 रन बनाए, जिसमें पांच शतक शामिल हैं। उनके टेस्ट शतकों में वेस्टइंडीज के खिलाफ दोहरा शतक और दक्षिण अफ्रीका में बनाया गया शतक शामिल है।
टेस्ट अनुभव में जाफर आगे, ओझा से ज्यादा खेले हैं मुकाबले
जाफर ने कोलकाता में पाकिस्तान के खिलाफ भी दोहरा शतक जड़ा था। अगर अशोक मल्होत्रा और जतिन परांजपे की सदस्यता वाली क्रिकेट सलाहकार समिति (CAC) जाफर का चयन करती है, तो अध्यक्ष पद के लिए विचार किए जा रहे उम्मीदवारों में उनके नाम सबसे ज्यादा टेस्ट मैच खेलने का रिकॉर्ड होगा। जाफर ने 31 टेस्ट खेले हैं जो भारत के लिए 24 टेस्ट खेलने वाले प्रज्ञान ओझा से अधिक हैं।
मुख्य चयनकर्ता बनने की दौड़ में प्रज्ञान ओझा को बीसीसीआई का समर्थन
मौजूदा चयन प्रक्रिया के तहत सबसे ज्यादा टेस्ट मैच खेलने वाले क्षेत्र के प्रतिनिधि को चयन समिति का अध्यक्ष बनने का पात्र माना जाता है। हालांकि, माना जा रहा है कि बीसीसीआई के भीतर प्रज्ञान ओझा को अध्यक्ष पद पर बनाए रखने के लिए मजबूत समर्थन है। इससे नयी चयन समिति के गठन पर असर पड़ सकता है। ऐसी स्थिति में भारत के पूर्व स्पिनर रमेश पोवार भी चयन समिति में जगह पाने की दौड़ में शामिल हो सकते हैं। वह पश्चिम क्षेत्र से प्रतिनिधित्व कर सकते हैं। पोवार ने भारत के लिए दो टेस्ट मैच खेले हैं।


