नई दिल्ली: एशिया कप राइजिंग स्टार्स 2025 के फाइनल में प्रवेश करने से इंडिया ए सिर्फ एक कदम दूर है। टीम का मुकाबला सेमीफाइनल में बांग्लादेश ए से होगा, जिसने लीग चरण में 3 में से 2 मैच जीतकर दमदार प्रदर्शन किया है। भले ही उन्हें एक मैच में हार मिली हो, लेकिन उनके खेल के स्तर को देखते हुए इंडिया ए को कड़ी चुनौती मिलने की पूरी संभावना है।
जितेश के पास भारत को इस टूर्नामेंट में दूसरी बार चैंपियन बनाने का बेहतरीन मौका है। भारत 12 साल पहले यानी साल 2013 में सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में चैंपियन बनी थी और उससे बाद से इस टीम का इंतजार जारी है। जितेश को सेमीफाइनल में अपनी सबसे बेहतरीन कांबिनेशन के साथ मैदान पर उतरना होगा।
वैभव के साथ ओपनिंग की पहेली
भारत के लिए सबसे बड़ी चिंता वैभव सूर्यवंशी के ओपनिंग पार्टनर प्रियांश आर्या का फॉर्म है, जो पिछले तीन मैचों में एक बार भी बड़ा स्कोर बनाने में सफल नहीं हुए हैं। हालांकि प्रियांश एक बेहतरीन बल्लेबाज हैं और वैभव की तरह ही आक्रामक ओपनर की भूमिका निभाते हैं, लेकिन सेमीफाइनल जैसे अहम मुकाबले में उन्हें ओपन कराने का फैसला जितेश शर्मा के लिए किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं होगा। भारत को ओमान के खिलाफ आखिरी लीग मैच में 6 विकेट से जीत मिली थी और इस मैच में वैभव भी नहीं चल पाए थे। सेमीफाइनल में भारत को अगर बड़ा स्कोर करना है या फिर चेज भी करना है तो दोनों से अच्छी पारी की उम्मीद होगी और दोनों ओपनर को अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी।
सेमीफाइनल में भारत के लिए तीसरे नंबर पर नमनधीर उतरेंगे, जबकि चौथे स्थान पर कप्तान जितेश शर्मा खुद बल्लेबाजी करने आ सकते हैं। इसके बाद नेहल वढेरा, आशुतोष शर्मा और रमनदीप सिंह middle order को मजबूती देंगे। गेंदबाजी की कमान रमनदीप सिंह, गुरजनप्रीत सिंह, विजयकुमार और सुयश शर्मा संभालेंगे। पिछले मैच में हर्ष दुबे को चौथे नंबर पर भेजा गया था, जहां उन्होंने नाबाद 55 रन की शानदार पारी खेलकर टीम को जीत दिलाई थी। सेमीफाइनल में उन्हें फिर ऊपरी क्रम में भेजा जाएगा या निचले क्रम में उतारा जाएगा, यह देखने वाली बात होगी। स्थिति के अनुसार बल्लेबाजी क्रम में बदलाव की पूरी संभावना रहेगी।
सेमीफाइनल मुकाबले के लिए इंडिया ए की संभावित प्लेइंग इलेवन
वैभव सूर्यवंशी, प्रियांश आर्या, नमन धीर, जितेश शर्मा (कप्तान-विकेट कीपर), नेहल वढेरा, आशुतोष शर्मा, रमनदीप सिंह, हर्ष दुबे, गुरजपनीत सिंह, सुयश शर्मा, विजयकुमार।


