नई दिल्ली : भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व सलामी बल्लेबाज कृष्णमाचारी श्रीकांत का मानना है कि शिवम दुबे और हर्षित राणा को तेज गेंदबाजी ऑलराउंडर कहना सही नहीं है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार उनके मुताबिक मौजूदा भारतीय टीम में हार्दिक पंड्या ही इकलौते ऐसे खिलाड़ी हैं, जिन्हें वास्तविक पेस-बॉलिंग ऑलराउंडर माना जा सकता है। श्रीकांत ने यहां तक कहा कि नितीश कुमार रेड्डी भी अभी पूरी तरह स्थापित तेज गेंदबाजी ऑलराउंडर नहीं हैं और उन्हें उन्होंने ‘सेमी ऑलराउंडर’ की श्रेणी में रखा। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार उनके इस बयान ने भारतीय क्रिकेट में ऑलराउंडर की भूमिका को लेकर नई बहस छेड़ दी।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार श्रीकांत ने स्टार स्पोर्ट्स पर बात करते हुए कहा कि शिवम दुबे और हर्षित राणा जैसे खिलाड़ियों को ऑलराउंडर नहीं कहा जा सकता। अगर इन दोनों को ऑलराउंडर कहा जाता है तो फिर मैं भी खुद को एक बेहतरीन ऑलराउंडर कह सकता हूं। हार्दिक पंड्या ही एकमात्र असली ऑलराउंडर हैं। नितीश कुमार रेड्डी एक हाफ ऑलराउंडर हैं जो नंबर 7 पर बैटिंग कर सकते हैं और कुछ ओवर बॉलिंग भी कर सकते हैं।
विराट कोहली होंगे भारत की सबसे बड़ी ताकत, श्रीकांत का बड़ा दावा
विराट कोहली की सबसे अच्छी बात यह है कि उन्हें पता है कि वह क्या हैं। मैनेजमेंट को उन्हें यह बताने की जरूरत नहीं पड़ती कि काम कैसे और कब करना है। वह बहुत समर्पित क्रिकेटर हैं और आरसीबी ने लगातार जो खिताब जीते है, उसके पीछे एक ही व्यक्ति है और वह हैं विराट कोहली। उनकी एनर्जी ही टीम को एकजुट रखती है और आगे ले जाती है। इसी तरह अगर भारत को 2027 का वनडे वर्ल्ड कप जीतना है तो ऐसा करने वाले एकमात्र व्यक्ति विराट कोहली ही हैं।
श्रीकांत ने रोहित शर्मा, शुभमन गिल और यशस्वी जायसवाल को लेकर भी बातें की। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने कहा कि मैनेजमेंट और गंभीर लगातार कहते रहे हैं कि किसी की भी जगह पक्की नहीं है। इसलिए उम्मीद है कि अगर रोहित शर्मा खुद को साबित करते रहे और रन बनाते रहे तो उन्हें वर्ल्ड कप में खेलना चाहिए। उनकी तूफानी शुरुआत भारत के लिए बहुत जरूरी है। जायसवाल ने अपनी पिछली तीन वनडे पारियों में दो शतक लगाए हैं और उन्होंने हर तरह की परिस्थितियों में शतक बनाए हैं। वह खिलाड़ी बहुत काबिल है और भारत के बैकअप बल्लेबाज के तौर पर पहला मौका पाने का हकदार है।


