नई दिल्ली : विमेंस प्रीमियर लीग 2026 के 16 मुकाबले पूरे हो चुके हैं और अब सिर्फ चार लीग मैच बाकी हैं। आरसीबी को लगातार दो मैचों में हार का सामना करना पड़ा है, लेकिन इसके बावजूद टीम अंकतालिका में टॉप पर बनी हुई है। वहीं, मुंबई इंडियंस ने लगातार तीन हार के बाद आरसीबी को हराकर टूर्नामेंट के अपने सातवें मैच में तीसरी जीत दर्ज की है।
इस जीत के साथ मुंबई इंडियंस अभी भी प्लेऑफ की रेस में बनी हुई है। अब सवाल यह उठता है कि टीम का सिर्फ एक मैच बाकी होने के बाद प्लेऑफ में पहुंचने का रास्ता क्या होगा। इसके लिए जानना जरूरी है कि विमेंस प्रीमियर लीग के फॉर्मेट के अनुसार, लीग स्टेज के अंत तक अंक तालिका में टॉप पर रहने वाली टीम सीधे फाइनल में पहुंच जाती है। वहीं, नंबर 2 और नंबर 3 की टीमों के बीच प्लेऑफ के तहत एलिमिनेटर मुकाबला खेला जाता है।
एलिमिनेटर मैच की विजेता टीम फाइनल में दूसरी टीम बनती है, यानी केवल टॉप 3 के पास ही फाइनल में पहुंचने का मौका होता है। ऐसे में नंबर 2 और नंबर 3 की जंग काफी रोमांचक बन गई है। वर्तमान स्थिति को देखें तो दिल्ली कैपिटल्स, गुजरात जायंट्स और यूपी वॉरियर्स भी मुंबई इंडियंस के साथ प्लेऑफ की रेस में शामिल हैं। अब यह देखने की बात है कि मुंबई इंडियंस अपने आखिरी मैच के जरिए टॉप 3 में जगह कैसे बना सकती है।
मुंबई इंडियंस के प्लेऑफ में पहुंचने के समीकरण क्या हैं?
मुंबई इंडियंस को अपना आखिरी लीग मैच 30 जनवरी को गुजरात जायंट्स से खेलना है। उससे पहले गुजरात जायंट्स दिल्ली कैपिटल्स से 27 जनवरी मंगलवार को भिड़ेगी। इस मैच के बाद किसी एक टीम की उम्मीदें कम हो सकती हैं लेकिन खत्म नहीं होंगी। दिल्ली अगर यह मैच जीती तो उसकी दावेदारी टॉप 2, या टॉप 3 के लिए मजबूत हो जाएगी। ऐसा ही कुछ गुजरात के लिए समीकरण है।
अब मुंबई का आखिरी मैच गुजरात से है तो मुंबई चाहेगी कि गुजरात जायंट्स को दिल्ली के खिलाफ पहले हार मिले। उसके बाद आखिरी मैच में मुंबई इंडियंस को भी गुजरात को हराना होगा। दूसरी तरफ यूपी वॉरियर्स का अगला मैच आरसीबी और फिर दिल्ली से है। अगर यूपी दोनों मैच जीती तो मुंबई इंडियंस के बराबर पहुंच सकती है अगर मुंबई ने आखिरी मुकाबला जीता। इस कंडीशन में नेट रनरेट काम आएगा।
आरसीबी के फाइनल पर भी मंडरा रहा खतरा
यानी मुंबई इंडियंस को प्लेऑफ में जगह बनाने के लिए अपनी जीत, किसी दूसरी टीम की हार और बेहतर नेट रनरेट—इन तीन चीजों पर निर्भर रहना होगा। अगर दिल्ली कैपिटल्स अपने दोनों मैच जीतती है तो वह सीधे टॉप 2 में जगह बना लेगी। वहीं, आरसीबी की फाइनल की उम्मीदें भी खतरे में पड़ सकती हैं अगर आखिरी मैच में यूपी वॉरियर्स उसे हराने में सफल हो जाते हैं।
इतना ही नहीं आरसीबी का नेट रनरेट अगर दिल्ली की बड़ी जीत के चलते कम हुआ तो उसे टॉप पोजीशन भी गंवानी पड़ सकती है। यानी दिल्ली अभी ड्राइविंग सीट पर है। अगर दिल्ली कैपिटल्स ने दोनों मुकाबले बेहतर नेट रनरेट करते हुए जीते और आरसीबी आखिरी मैच हारी तो दिल्ली टॉप पर भी जा सकती है।


