नई दिल्ली : विश्व पैरा-एथलेटिक्स चैंपियनशिप की स्वर्ण पदक विजेता धाविका सिमरन शर्मा मुश्किल में फंसती नजर आ रही हैं, क्योंकि उनके गाइड उमर सैफी डोप टेस्ट में फेल हो गए हैं। राष्ट्रीय डोपिंग रोधी एजेंसी (NADA) ने सैफी को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया है। सैफी पिछले सात महीनों से दृष्टिबाधित सिमरन शर्मा के साथ ट्रेनिंग और प्रतिस्पर्धा में गाइड के रूप में जुड़े हुए थे। उनके सैंपल में प्रतिबंधित पदार्थ ड्रोस्टैनोलोन की पुष्टि हुई है। इस मामले का असर सिमरन के स्वर्ण पदक पर भी पड़ सकता है, क्योंकि पैरा एथलेटिक्स में गाइड की भूमिका तकनीकी रूप से खिलाड़ी का हिस्सा मानी जाती है।
यह प्रतिबंधित एनाबोलिक स्टेरॉयड है, जो मांसपेशियों की ताकत को बढ़ाने में मदद करता है। सिमरन ने सात सितंबर को दिल्ली स्टेट ओपन में 200 मीटर दौड़ में स्वर्ण पदक जीता था, जहां संभवतः यह डोप टेस्ट किया गया था। सैफी का नाम शुक्रवार को नाडा द्वारा जारी अस्थायी रूप से निलंबित खिलाड़ियों की सूची में शामिल है। वह इसके खिलाफ अपील कर सकते हैं और ‘बी’ नमूना परीक्षण की मांग कर सकते हैं।
विश्व चैंपियनशिप से पहले NADA की वेबसाइट पर नहीं था नाम, अब डोपिंग में फंसे उमर सैफी
यह स्पष्ट नहीं है कि 27 सितंबर से पांच अक्टूबर तक आयोजित विश्व चैंपियनशिप से पहले उनका नाम नाडा की वेबसाइट पर क्यों नहीं आया। सिमरन ने पहली बार भारत में आयोजित की गई इस चैंपियनशिप की 100 मीटर टी12 में स्वर्ण के अलावा 200 मीटर दौड़ में रजत पदक जीता था। 100 मीटर का स्वर्ण पदक विश्व चैंपियनशिप में उनका लगातार दूसरा स्वर्ण पदक था।
सिमरन अपने पदक खो सकती हैं
अंतरराष्ट्रीय पैरालंपिक समिति के नियमों के अनुसार, यदि सैफी का बी सैंपल के परीक्षण में फेल रहते हैं तो सिमरन अपने पदक खो सकती हैं। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार भारतीय पैरा एथलेटिक्स के चेयरमैन सत्यनारायण ने पीटीआई से कहा, ‘‘सिमरन को अपने दोनों पदक गंवाने पड़ सकते हैं क्योंकि गाइड को भी एथलीट माना जाता है और वह भी प्रतियोगिता का हिस्सा होता है। गाइड को भी पदक और प्रमाण पत्र मिलता है। इसे केवल एथलीट का पदक ही गिना जाता है।’’
पेरिस पैरालंपिक में भारत को कांस्य पदक की खुशी
पिछले साल पेरिस पैरालंपिक में सिमरन शर्मा ने कांस्य पदक अपने नाम किया था, लेकिन उस समय उनके साथ गाइड के रूप में अभय सिंह थे। हाल ही में राष्ट्रीय डोपिंग रोधी एजेंसी (NADA) द्वारा जारी की गई अपडेटेड सूची में 30 नए खिलाड़ियों के नाम जोड़े गए हैं, जो डोपिंग मामलों में फंसे हैं। इस सूची में पहलवान रीतिका हुड्डा और धावक एस धनलक्ष्मी जैसे नाम भी शामिल हैं। सबसे अधिक चिंता की बात यह है कि इस सूची में पांच नाबालिग खिलाड़ियों के नाम भी शामिल हैं, जो खेलों में बढ़ते डोपिंग के खतरे की गंभीर तस्वीर पेश करता है।

